प्रतिनीत!
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्रतिनीत – Pratineeta. An infraction of paying reverence disobedience. वन्दना का एक अतिचार; गुरु की आज्ञा से प्रतिकूल आचरण करना “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्रतिनीत – Pratineeta. An infraction of paying reverence disobedience. वन्दना का एक अतिचार; गुरु की आज्ञा से प्रतिकूल आचरण करना “
देवभद्र A Bhattarak; disciple of Pandit Ashadharji. पं. आशाधर जी (ई. 1173- 1243) के शिष्य एक भट्टारक ।[[श्रेणी: शब्दकोष ]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्रतिकेशव – Pratikeshava. Pratinarayana (noble person). प्रतिनारायण “
दुर्जन A villain, scoundrel, Cruel. दुष्ट, दुराचारी व्यक्ति। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] पुष्पवती – Puspavati. Name of a chief female divinity of an Indra of Kinnar type. किन्नर जाति के व्यंतरों के इन्द्र ‘महापुरुष’ की वल्लभिकादेवी “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] पुष्प – Puspa. Flowers, an article for worshipping Lord Arihant. फूल- चंपा, चमेली, गुलाब आदि. भगवान की पूजन में प्रयुक्त अष्ट द्रव्यों में एक द्रव्य “
दिव्यभूमि The assembly land of Lord Arihant. स्वाभाविक भूमि से एक हाथ ऊंची समवसरण की भूमि , इसके एक हाथ ऊपर कल्पभूमि होती है। हरिवंशपुराण के आधार से यह व्यवस्था मानी है तथा तिलोयपण्णत्ति में एक हाथ ऊपर से एक- एक हाथ ऊंची बीस हजार सीढि़यां मानी है। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] पुरुषाकार – Purusakara. A particular standing posture of male (shape of Teen Lok). तीन लोक का आकार पुरुषाकार कहलाता है (दोनों पैर फैलाकर दोनों हाथों को कमर पर रखकर खड़े पुरुष का आकार) “
दृष्टिनिर्विष ऋद्धि A type of supernatural power (making one cured by casting a glance of a saint). जिस ऋद्धि के प्रभाव से प्रसन्नचित्त साधु के द्वारा देखने मात्र से रोग व विष से पीडि़त जीव स्वस्थ और निर्विष हो जाता है। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] पुरातत्त्व – Puratattva. Archaeology. पुरातन, प्राचीन अवशेष “