त्रिषष्ठिस्मृतिशास्त्र!
त्रिषष्ठिस्मृतिशास्त्र A book written by Pandit Ashadharji. पं. आशाधर जी (ई. 1173-1243) द्वारा रचित एक संस्कृत ग्रंथ। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
त्रिषष्ठिस्मृतिशास्त्र A book written by Pandit Ashadharji. पं. आशाधर जी (ई. 1173-1243) द्वारा रचित एक संस्कृत ग्रंथ। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
ऊर्जाहार Absorptional intake, Energy intake . ओज आहार पक्षियों के द्वारा अण्डे सेते समय जो ऊष्मा दी जाती है।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
दिव्यभाषा Resonant voice of Lord Arihant (Divyadhvani). नाना भाषाओं (718) में परिणत होने के अतिशय से सम्पन्न अर्हद्वाणी (दिव्यध्वनि)। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
ऊठकोडि़ Three and a half crores. साढ़े तीन करोड़ (पूर्व निमाड़-म.प्र. स्थित सिद्धवरकूट सिद्धक्षेत्र से दो चक्रवर्ती दश कामदेव और साढे तीन करोड़ मुनि मोक्ष पधारे) ।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्रथमानुयोग- श्रुतस्कंध के 4 अनुयोंगों में प्रथम अनुयोग, इसमें तीर्थकर आदि त्रेसठ शलाकापुरुशों के चरित्र का वर्णन होता है। prathamanuyoga – biographical exposition related to jain – lord and great personalities of jain context.
[[श्रेणी: शब्दकोष]]हेतविुचय – Hetuvicaya. Right contemplation or acceptance of religious path. धर्मध्यान के 10 भेदों मे अंतिम भेद। तर्क का अनुसरण करना और स्याद्वाद्व का आश्रय लेकर समीचीन मार्ग को ग्रहण करना अथवा उसका चिंतन करना।
[[श्रेणी : शब्दकोष]] विभाव गुण पर्याय – Vibhava Artha Paryaya. See- Vibhava Artha Paryaya. देखें – विभाव अर्थ पर्याय “
[[श्रेणी: शब्दकोष]]हेत्वाभास – Hetvaabhaasa. Fallacy, a false cause. जो हेतु संदेष हंे हव हेत्वाभास हंे इपके अमसंद्व, वरिुद्व, अनैकांतिक, अकिंचित्कर 4 भेद है।
[[श्रेणी:शब्दकोष]] राम बलदेव – तीर्थकर मुनिसुव्रतनाथ के तीर्थ में हुए 8 वें बलभद्र मांगीतुंगी से माक्ष गए। अपरनाम पù Rama-baldeva-Name of the 8th Balbhadra in the era of lord Munisuvratnath