मधु: एक वैज्ञानिक अनुचिंतन!
मधु एक वैज्ञानिक अनुचिंतन अजित जैन सारांश मधुसेवन को हिंसक मानते हुये जैनग्रन्थों में इसके त्याग को मूलगुणों के अन्तर्गत माना गया है। जिसको कतिपय वैज्ञानिक तथ्यों के द्वारा लेखक द्वारा प्रस्तुत किया जा चुका हैपरंतु उस आलेख के पश्चात् कई जैन विद्वानों द्वारा प्रमुख जैन पत्रिकाओं/पुस्तकों में मधुसेवन की अहिंसकता, उपादेयता प्रदर्शित की गयी…