भूतमुख!
[[श्रेणी : शब्दकोष]] भूतमुख – Bhutmukha. Name of a dominion ‘Shield’ of Chakravati(em-peror) Bharat & Lord Aranath. चक्रवर्ती भरत तथा भगवान अरनाथ का अस्त्र (ढाल) यह भूतों की मुखाकृतियों से चिन्हित होता था “
[[श्रेणी : शब्दकोष]] भूतमुख – Bhutmukha. Name of a dominion ‘Shield’ of Chakravati(em-peror) Bharat & Lord Aranath. चक्रवर्ती भरत तथा भगवान अरनाथ का अस्त्र (ढाल) यह भूतों की मुखाकृतियों से चिन्हित होता था “
खांड Unrefined and uncrystallized sugar. कच्ची शक्कर, शुभ(पुण्य) कर्म प्रकृतियों के द्विस्थानीय अनुभाग का उदाहरण । [[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी : शब्दकोष]] वीरसेन –Virasena Name of the disciple of Ramsen, Name of the disiciple of Brahmasen. माथुरसंघ के अनुसार रामसेन के शिष्य और आचार्य देवसेन के गुरु ” समय – ई. ८८३ –९२३ ” लाड़बागड़ गच्छ के अनुसार ब्रम्हसेन के शिष्य और गुणसेन के गुरु थे ” समय – ई. १०४८ “
उपशमकाल Period of upasham. वेदक योग्य काल के ऊपर से सत्तारूप स्थिति जहाँ घटे वहाँ उपशम योग्य काल है।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
खरतरगच्छ A group of shvetambar Jain saints. श्वेताम्बरों के विविध गच्छों में एक । [[श्रेणी:शब्दकोष]]
दयादत्ति To be kindful to others. अनुग्रह करने योग्य प्राणियों के समूह पर दयापूर्वक मन, वचन, काय की शुद्धि के साथ उनके भय को दूर करना। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्रतिश्रुति – Pratishruti. Name of the 1st kulkar (ethical founder). भरतक्षेत्र के प्रथम कुलकर थे, सूर्य चंद्रमा को देखकर-भयभीत हुए लोगों के भय को इन्होंने दूर किया था “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्रतिलोम क्रम – Pratiloma Krama. Inverse order. विपरीत क्रम, विशेष की मुख्यता और सामान्य की गौणता करने से जो अस्ति-नास्ति रूप वस्तु प्रतिपादित होती है उसे प्रतिलोम क्रम कहते हैं “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्रतिमा विज्ञान – Pratimaa Vigyaan. Iconography. प्रतिमा (मूर्ति) के नाप तौल आदि की जानकारी “