प्रथमोपशम सम्यत्त्व!
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्रथमोपशम सम्यत्त्व – अनादि मिथ्यादृश्टि जीव के मिथ्यात्व से छूटकर जो सर्वप्रथम उपषम सम्यŸाव होता है वह प्रथमोपषम सम्यत्त्व है। prathamopasama samyaktva – first subsidential right beleif.
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्रथमोपशम सम्यत्त्व – अनादि मिथ्यादृश्टि जीव के मिथ्यात्व से छूटकर जो सर्वप्रथम उपषम सम्यŸाव होता है वह प्रथमोपषम सम्यत्त्व है। prathamopasama samyaktva – first subsidential right beleif.
दंड – दंडी संबध Relation of infliction & inflicting one. जो वस्तु के स्वरूप में मिला न हो । दंड के सम्बन्ध से पुरूष को दंडी कहना। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्रमिति- किसी प्रमाण से प्राप्त जानकरी या निष्चित ज्ञान। Pramiti- Authentic knowledge
देयवस्तु Things to be donated like food, medicines, books etc. आहार, औषधि , शास्त्र , अभयदान देने वाली वस्तुएँ। इनके दान से दाता और पात्र दोनों के गुणों में वृद्धि होती है। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्रमाता- आलस्य, कशाय सहित अवस्था को प्रमाद कहते हैं। कशाय के तीव्र उदय से अच्छे कार्यों के करने में आदर भाव का न होना। चार विकथा, चार कशाय, पाँच इन्द्रियाँ, एक स्नेह औश्र एक निद्रा ये 15 प्रमाद हैं। Pramata- Knower or learned one in subject matters
दुर्दर्श A king of Yadu dynasty. यदु (यादव) वंश का एक राजा।[[श्रेणी: शब्दकोष ]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्रमाणीमांसा- देंखे- प्रमाण परीक्षा। Pramanamimamsa- See- PramanaPariksa
देवकीर्ति An Acharya; disciple of Anantveerya. आचार्य ई. 990-1040 में अनंतवीर्य के शिष्य व गुणकीर्ति के सहधर्मा थे। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्रमाण- जिसके द्वारा पदार्थ जाना जाता है। सम्यग्ज्ञान; इसके मति, श्रुत, अवधि, मनःपर्यय, केवलज्ञान 5 भेद है। Pramana- Right knowledge
दृष्टिविष ऋद्धि A type of supernatural power (reg. a look causing curse). जिसके बल से रोषयुक्त हृदय वाले महर्षि के द्वारा देखा गया जीव सर्प द्वारा काटे गये के समान मर जाता है। जैन साधु इस ऋद्धि का कभी उपयोग नहीं करते हैं। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]