वेद कषाय!
[[श्रेणी : शब्दकोष]] वेद कषाय –Veda Kasaya Passion of lust. नोकषाय, चरित्र मोहनीय के उदय से आत्मा मे कामसेवन या स्त्रीत्व, पुरुषत्व, नपुंसकत्व के भाव”
[[श्रेणी : शब्दकोष]] वेद कषाय –Veda Kasaya Passion of lust. नोकषाय, चरित्र मोहनीय के उदय से आत्मा मे कामसेवन या स्त्रीत्व, पुरुषत्व, नपुंसकत्व के भाव”
एकरूपत्व Unified, Indistinct, Stereotyped. एक प्रकार का अर्थात् एक जैसा होना।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी: शब्दकोष]] पद:Designation or title. A part of scriptural Knowledge (Shrutgyan). उपाधि अथवा पदवी, श्रुतज्ञान के 20 भेदों में 5 वां भेद, इनके अर्थ पद, प्रमाण पद और मध्ष्यम पद तीन भेद ।
[[श्रेणी : शब्दकोष]] व्यतिरेक – Vyatireka. Distinction, Reaching beyond, a type separateness. भेद, अंतर, वैषम्य या असमानता “
एकार्थ समवायी Co – inherent in the same substratum. सहसंयोगी पदार्थ।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] पण्णट्टी : A counting of numbers i.e. (256)2 =65536. एक संख्या (256)2 = 65536.
[[श्रेणी : शब्दकोष]] वेद (शास्त्र) – Veda (Sastra) Four expositions of Jaina scriptures & the four great mythological sacred scriptures of Hindus. जैनधर्म के चार अनुयोगों (प्रेथामानुयोग, करणानुयोग, चरणानुयोग, द्रव्यनुयोग) को वेद संज्ञा दी गई है ” हिन्दुऊ में भी चार वेदों ॠग्वेद, यजुर्वेद, सामवेद, अथर्ववेद की मान्यता हैं “
[[श्रेणी : शब्दकोष]] विपाक विचय – Vipaka Vichaya. Contemplation over worldly peculiarities due to the fruition of karmas. धर्मध्यान के ४ भेदों में चौथा भेद; इसमें कर्मों के विपाक से उत्पन्न सांसारिक विचित्रता का चिंतन किया जाता है “
[[श्रेणी: शब्दकोष]] पक्षपात : Partiality, Favouritism. भेदभाव करना, एकांत, तरफदारी करना ।
[[श्रेणी : शब्दकोष]] विशाख – Vishakha. Name of the prime chief disciple of Lord Mallinath. तीर्थकर मल्लिनाथ के प्रथम गणधर “