ब्रह्मोत्तर (देव)!
[[श्रेणी : शब्दकोष]] ब्रह्मोत्तर (देव) – Brahmottara (Deva). A type of deities resident of the 6th heaven. कल्पवासी देवों का एक भेद ” छठे स्वर्ग के निवासी देव “
[[श्रेणी : शब्दकोष]] ब्रह्मोत्तर (देव) – Brahmottara (Deva). A type of deities resident of the 6th heaven. कल्पवासी देवों का एक भेद ” छठे स्वर्ग के निवासी देव “
गृहस्थ धर्मं Worldly or mundane life with religious observances. देवपूजा- गुरुपास्ती-स्वाध्याय-संयम-तप और दानरूप षट्कार्यों में प्रवृत्ति , पांच अणुव्रत , तीन गुणव्रत, ४ शिक्षाव्रतों का पालन करना ।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] समकित चैबीसी व्रत – Samakita Caubeesee Vrata. A particular procedural vow (fasting). एक वर्ष तक प्रत्येक चतुर्दशी को उपवास करना तथा “ओं ही वृषभादि चतुर्विशतिजिनाय नमः” मंत्र का त्रिकाल जाप करना।
द्रव्य मोक्ष Installation of supreme soul of Siddhashila. मोह का एक भेद जीव के द्रव्यादि सम्बन्धि मूढ़भाव । [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
चन्दर्षि महत्तर A Shvetambar Acharya. श्र्वेताम्बर पंचसंग्रह प्राकृत तथा उसकी सर्वोपज्ञ टीका के रचयिता एक प्रसिद्ध श्र्वेताम्बर आचार्य(ई.श. . ९-१०)।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
द्रव्य परिवर्तन Modification of material forms. द्रव्य की पर्याय का बदलना।[[श्रेणी: शब्दकोष ]]
गुप्तिऋद्धि Name of a disciple of Guptishruti. गुप्तिश्रुति के शिष्य तथा शिवगुप्ति के गुरु थे . समय-ई.२ 3।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
द्रव्यगुण Common & specific virtues of substance or matter. द्रव्य के गुण दो तरह के हैं सामान्य गुण जो छहों द्रव्यों में पाये जाते हैं विशेषगुण जो हर एक ही में पाये जाते हैं। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
गुणिदेश The residence of a substance. गुणी द्रव्य का देश; यह एक वस्तु के अनेक धर्मों की अभेदवृत्ति है ।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी: शब्दकोष]] मक्खन:- Makkhana. Butter. नवनीत ; 22 अभ्यक्षों में एक अभ्य्क्ष (दूध या दही से मक्खन निकलने के एक मुहर्त पश्चात्त्र स जीवों की उत्पत्ति होने के कारण अभयक्ष कहलाता हैं ) “