भावनामति माताजी का संक्षिप्त परिचय (१) पूज्यश्री का नाम – आर्यिका श्री भावनामति माताजी (२) गृहस्थावस्था नाम- (३) जन्मस्थान – हिम्मत नगर, गुजराज (४) जन्मतिथि व दिनाँक – ४ मार्च, १९४८ (नवमी) (५) जाति – दशा हुमड (६) गोत्र – बीलेश्वर (७) (A) माता का नाम श्रीमति चम्पा देवी (B) पिता का नाम श्री अमृतलाल…
आचार्यश्री के चार स्वप्न (१) लोणंद में– लोणंद चातुर्मास के अन्त में आचार्य महाराज को यह स्वप्न रात्रि के अंतिम प्रहर में दिखाई पड़ा था, आचार्यश्री के आसपास ५०० से अधिक व्यक्ति बैठे थे। उस समय १२ हाथ लंबा सर्प घेरा बांधकर बैठा था। वह लोगों के पास से आकर महाराज के सिर पर चढ़…
आचार्य श्री पूज्यपाद स्वामी परिचय श्री पूज्यपाद स्वामी एक महान आचार्य हुए हैं। श्री जिनसेन, शुभचन्द्र आचार्य आदि ग्रन्थकारों ने अपने-अपने ग्रन्थ में उन्हें बड़े आदर से स्मरण किया है।यथा- कवीनां तीर्थकृद्देव: किं तरां तत्र वण्र्यते।विदुषां वाङ्मलध्वंसि तीर्थं यस्य वचोमयम्।। जो कवियों में तीर्थंकर के समान थे और जिनका वचनरूपी तीर्थ विद्वानों के शब्द सम्बन्धी दोषों…