दरश दिखला जा, एक बार आ जा!
दरश दिखला तर्ज-झलक दिखला जा…… वो ओ……….वो ओ……… दरश दिखला जा-४, एक बार आ जा, आ जा, ज्ञानमती माँ आ जा। एक बार आ जा, आ जा, ज्ञानमती माँ आ जा, एक बार आ जा…… ज्ञान भरा है मन उपवन में, है अमृत भरा आतम प्रभु में। दरश दिखला जा……….एक बार आ जा…………..।।टेक.।।…