रजत!
[[श्रेणी:शब्दकोष]] रजत – माल्यवान मनुशोत्तर व रूचक पर्वत एवं नन्दनवन मे स्थित कूटो का नाम। Rajata-The name of summits of ‘Malyavan Manushottar
[[श्रेणी:शब्दकोष]] रजत – माल्यवान मनुशोत्तर व रूचक पर्वत एवं नन्दनवन मे स्थित कूटो का नाम। Rajata-The name of summits of ‘Malyavan Manushottar
[[श्रेणी : शब्दकोष]] भूतपूर्व न्याय – Bhutapurva Nyaya. A type of justice related to the past. जिसके द्वारा उपशांत कषाय आदिक गुणस्थानों में लेश्या कही जाती है “
तीर्थंकर वृत 24 continuous fastings for 24 Teerthankars (Jaina-Lords). तीर्थंकरों के नाम से 24 दिन लगातार उपवास करना। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
[[श्रेणी :शब्दकोष]] मूलराशि–Mula Rashi. Principal amount. जिस राशि में अन्य राशि को जोड़ा या घटाया जाये”
[[श्रेणी:शब्दकोष]] पांशुमूलिक विद्या:A type of knowledge of vidyadhara.विद्याधर वंश की एक विद्या का नाम।
त्रिकलिंग A country of middle Arya Khand (region). मध्य आर्यखण्ड का एक देश। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
[[श्रेणी : शब्दकोष]] वीरागंज मुनि –Virangaja Muni Name of the last Jaina saint of PanchamKal (the 5th time – cycle of universe). पंचम काल के अंत में होने वाले अंतिम दिगम्वर जैन साधू ” जो पंचम काल के अंत में राजा द्वारा आहार का प्रथम ग्रास शुल्क के रूप में मांगे जाने पर अंतराय मानकर…
[[श्रेणी:शब्दकोष]] नाटक – Nataka Drama, acting , gesture. अभिनय करना, हाव भाव व्यक्त करना, तीर्थंकर बालक का जन्माभिषेक कर देव हर्षित होकर नाना प्रकार के नाटक करते है “
[[श्रेणी : शब्दकोष]] भिन्न मुहूर्त – Bhinna Muhurta. A particular time unit. काल का प्रमाण विशेष ” अंतर्मुहूर्त; ४८ मिनट का एक मुहूर्त होता है, उनमें १ समय कम को उत्क्रष्ट अन्तर्मुहूर्त व एक समय अधिक १ आवली को जघन्य अन्तर्मुहूर्त कहते हैं “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] संसारानुप्रेक्षा – Sansaaraanuprekshaa. Contemplation about the wordly troubles. 12 भावनाओं में एक भावना; संसार के स्वभाव एवं संसार परिभ्रमण का अर्थात् दुःखमय स्वरुप का चिंतन करना “