हर्षवर्धन!
[[श्रेणी: शब्दकोष]]हर्षवर्धन – Harsavardhana. Name of a king of Bhoj dynasty. भोजवंशी राजा मुञज के पिता। समय ई. 940-994।
[[श्रेणी: शब्दकोष]]हर्षवर्धन – Harsavardhana. Name of a king of Bhoj dynasty. भोजवंशी राजा मुञज के पिता। समय ई. 940-994।
देवद्विज The supreme being, Lord Jinendra. जिनेन्द्र देव , स्वयं भू आदि परमदेव सम्बन्धी रत्नत्रय की शक्ति रूप संस्कार से जन्म लेने वाले। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
[[श्रेणी: शब्दकोष]]हरिद्र – Haridra. The residential palace of Lokpal in the panduk forest of sumeru mountain. सुमेरु के पाण्डुक वन मे लोकपाल का भवन।
एक असंख्यात Something countless. एक दिशा में स्थित प्रदेश पंक्ति क्योंकि श्रेणीरूप से लोकाकाश की एक दिशा देखने पर प्रदेशो की गणना नहीं हो सकती।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी: शब्दकोष]]हरिकंठ – Harikaamta. Name of the 2nd predestined Pratinarayan. आगामी दूसरे प्रतिनारायण।
आय-ज्ञान A book written on astrology by ‘Bhattavosari’. भट्टवोसरि (ई.श.10 उत्तरार्ध) द्वारा रचित एक ज्योतिष विषयक ग्रंथ।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी: शब्दकोष]] परपरिवाद कथा:Condemnatory talk.25 विकथाओं में एक कथा दूसरे की निंदा आदि करना ।
[[श्रेणी : शब्दकोष]] विभीषण – Vibhishana. The younger brother of Ravan, who ultimately initiated with Ram Chandra and became a heav-enly deity. रावण का छोटा भाई व रत्नश्रावा का पुत्र ” अंत में राम के साथ दीक्षित हुआ और अनुदिश विमान में देव हुआ “
[[श्रेणी: शब्दकोष]]स्वाहा – Svaahaa. An exclamation used in the worshipping of God. पूजा, मंत्र, हवन आदि मे प्रयुक्त होने वाला शांतिवाचक एक विषेष शब्द।
[[श्रेणी: शब्दकोष]] परघात नामकर्म प्रकृति:A Karmc nature whicdh causes formation of destructive means like poision etc. in the body. पर जीवों के घात को परघात कहते है। जिस कर्म के उदय से शरीर में पर को घात करने के कारणभूत पुदगल निष्पन्न होते हैं, वह परघात नामकर्म प्रकृति है।