संमेदाचल महात्म्य!
[[श्रेणी:शब्दकोष]] संमेदाचल महात्म्य – Sammedaachala Mahaatmya. Name of a composition written by Pandit Manaranglal. पंडित मनरंगलाल (ई. 1793-1843) द्वारा विरचित भाषा छंदबद्ध कृति “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] संमेदाचल महात्म्य – Sammedaachala Mahaatmya. Name of a composition written by Pandit Manaranglal. पंडित मनरंगलाल (ई. 1793-1843) द्वारा विरचित भाषा छंदबद्ध कृति “
[[श्रेणी: शब्दकोष]]हरि – Hari. The son of king Arya of Champapur, on the name of whom Hari Dynasty was originated. चम्पापुर के राजा आर्य और रानी मनोरमा का पुत्र। इसी राजा के नाम पर हरि वंष की उत्पत्ति हुई।
[[श्रेणी: शब्दकोष]]हंस साधु – Hammsa Saadhu. A type of false saints of Vedant philosophy. एक प्रकार के वेदांती साधु, जो दोषो से युक्त होते है, कषाय वस्त्र धारण करते है एवं दण्ड रखते है।
[[श्रेणी: शब्दकोष]] पर निमिक्तक उत्पाद :A kind of origination.उत्पाद के दो भेदों में एक भेद, परप्रत्यय उत्पाद ।
देश चारित्र A conduct of householder at the 5th stage of spiritual development. विकल चारित्र, श्रावक का पांचवे गुणस्थान का आवरण।[[श्रेणी: शब्दकोष ]]
[[श्रेणी: शब्दकोष]] स्वार्थी – Svaarthii. One engrossed in self, selfish one, one of the 88 planets. आध्यात्मिक व्याख्या के अनुसार आत्महित मे संलग्न रहने वाले को स्वार्थी कहते है। क्षुद्र मनुष्य जो अपना कार्य करने मे ही तत्पर रहते है उन्हें स्वार्थी कहा गया है, जैसे मेद्य परोपकारी है और बड़वानल स्वार्थी है। 88 ग्रहो…
तोता Parrot, Shap of the Viman of ‘Shukra’ Indra. एक पक्षी, शुक्र इन्द्र के विमान का आकार जिस पर बैठकर इन्द्र नंदीश्वर द्वीप की वंन्दना को जाते हैं। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
[[श्रेणी: शब्दकोष]]स्वाधीन सुख – Svaadhiina Sukha. Supreme bliss. स्ंसार के समस्त विषय-कषायोे की रहितता से प्राप्त सुख। यह सुख सिद्वो मे पूर्णतः प्रगट होता है।
[[श्रेणी:शब्दकोष]] साकांक्ष अनशन – Saakaanksha Anasana. A type of austerity (fasting) to be observed for some specific time periods. अवधृत काल अनषन तप अर्थात् नियतकालीन उपवास। इसके शष्टम, अष्टम, द्वादष, पंद्रह दिन, एक मास, कनकावली, मुरज, सिंहनिष्क्रीडित इत्यादि जो भेद जहाॅ है, वह सब साकांक्ष अनशन तप है।