वृष!
[[श्रेणी : शब्दकोष]] वृष – Vrsa Religion. धर्म “
गुणसागर(मुनि) Name of a saint, the disciple of Acharya Shri Dharmasagar Maharaj. चारित्रचक्रवर्ती आचार्य श्री शान्तिसागर जी महाराज के त्रित्र्री पट्टाधेस्श आचार्य श्री धर्मंसागर जी महाराज के एक प्रभावक शिष्य (ई.श. २०-२१)।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] पद्मनाभ: Past-birth name of Lord Chandraprabhu, Father’s name of Chakravarti, Harishen, Another name of Ramchandraji. पूर्व धातकीखं डमें मंगलावती देश के रत्नसंचय नामक नगर कमे राजा कनकप्रभ का पुत्र, जो कि समाधिपूर्वक वैजयन्त विमान में अहमिन्द्र हुआ यह चन्द्रप्रभु भगवान के पूर्व का दूसरा भव है जिसमें उन्होंने तीर्थकर प्रकृति का बंध किया था…
[[श्रेणी : शब्दकोष]] प्रकृति परोदय – Prakrti Parodaya. Karmic nature which binds in the fruition of other Karmic nature. ऐसी कर्म प्रक्रतियां (११) जिनका पर के उदय में बंध होता हैं “
खदिरसार Name of king shrenik (in 3rd precedent birth). एक भीलों का राजा मांस का त्याग किया था , पुनः मरकर तीसरे भाव में वही श्रेणिक राजा हुआ ।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी : शब्दकोष]] भद्रवती – Bhadravati. Mother’s name of the 3rd Chakravarti (emperor). तृतीय चक्रवती मघवा की माता का नाम “
[[श्रेणी :शब्दकोष]] यशस्कांत– Yashsankat. Name of a deity of a summit of Manushattar mountain. मनुषोत्तर पर्वत के एक कूट का देव”
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्रतिविपलांश – Prativipalaansh. A time unit. काल का एक प्रमाण विशेष “
[[श्रेणी: शब्दकोष]] पदसमास: A part of scriptural knowledge (Shrutgyan). श्रुतज्ञान के 20 भेदो मे छठा भेद, इससे पूर्व समास पर्वत समस्त द्वादषांग श्रुत स्थित है।