संग्रहनय!
[[श्रेणी:शब्दकोष]] संग्रहनय – Sangrahanaya. A standpoint related to collection of matters. अभेद रूप से अर्थात् अपनी जाति का विरोध न करके जो समस्त वस्तुओं को संग्रह करके कथन करता है “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] संग्रहनय – Sangrahanaya. A standpoint related to collection of matters. अभेद रूप से अर्थात् अपनी जाति का विरोध न करके जो समस्त वस्तुओं को संग्रह करके कथन करता है “
त्रिवलित A fault or religious activities. कायोत्सर्ग का एक अतिचार, वंदना का एक अतिचार , कटि ग्रीवा, मस्तक, आदि पर तीन बल पड़ जाना।[[श्रेणी: शब्दकोष ]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्रह्लाद – हसितनापुर के राजा पù के बलि आदि 4 मंत्रियों में एक मंत्री इसी के साथ बलि ने अकम्पनाचार्य अदि 700 मुनियों पर उपसर्ग किया था। Prahalada- One who committed tyranny on all 700 saints (akampanacharya etc) with bali
चतुर्दश गुणस्थान Fourteen Gunsthan-stages of spiritual developments. १४ गुणस्थान ; मिथ्यात्व , सासादन , मिश्र , अविरत सम्यग्दृष्टि , देशाविरत , प्रमत्त , अप्रमत्त, अपूर्वकरण , अनुवृत्तिकरण, सूक्ष्म-साम्पराय , उपशांत मोह , क्षीणमोह , संयोगकेवली, आयोगकेवली ।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] संख्यात भागवृद्धि – Sankhyaata Bhaagavriddhi. Finite increase in any number. किसी संख्या का संख्यात भाग किसी में बढ़ाना “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्रसुप्त दशा- सोया हुआ, प्रगाढ़ निद्रा की अवस्था। Prasupta Dasa- Dormant state, state of sound sleep
[[श्रेणी:शब्दकोष]] बहुविध मतिज्ञानावरण- बहुविध मतिज्ञान पर आवरण करने वाला कर्म। Bahuvidha Matijnanavarana- An occurring Karma of sensory knowledge
[[श्रेणी:शब्दकोष]] लंका – 1 जम्बुद्वीप के लवण समुद्र के अन्दर स्थित राक्षस द्वीप की नगरी यहां का राजा रावण था। 2 वर्तमान मं लंका नगरी जो भारत के दक्षिण में स्थित है जिसे श्रीलेका के नाम से जाना जाता है। रावण की लंका यह नही है क्योकि यह लवण समुद्र में थी। Lamka-name of a…
[[श्रेणी:शब्दकोष]] संक्षेप सम्यक्तवार्य – Sankshepa Samyaktvaarya. See – Sankshepa Darshanaarya. देखें – संक्षेप दर्शनार्य “