आवरण!
आवरण Covering, Protection, Shield. जिसके द्वारा आवृत किया जाता है।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
आवरण Covering, Protection, Shield. जिसके द्वारा आवृत किया जाता है।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी: शब्दकोष]] भैंसा:Buffalo bull, the significant mark of lord Vasupujya. एक पशु; वासुपूज्य भगवान का चिन्ह “
उद्धेलन Perturbation, Perplexity, Something related to Karmic nature. बंधी हुई प्रकृति को परिणामों की विशेषता से अन्य प्रकृति रूप परिणमण कर नष्ट कर देना।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्रतिपाती – Pratipaatee. One falling from the stage of right conduct. सम्यकचारित्र से भ्रष्ट होकर असंयम में आने वाला “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्रतिग्रह – Pratigrah. Acceptance, Receiving saints with respectful procedure for food offering. दिगम्बर जैन साधू-साध्वियों को आहार दान हेतु की जाने वाली नवधाभक्ति में से प्रथम भक्ति, जिसमे वर्तमान समय में “हे स्वामिन! ‘अत्र तिष्ठ, आहार जल शुद्ध है,” ऐसा कहकर साधू को आहार हेतु अपने घर मरण पधारने के लिए आह्वान किया जाता…
[[श्रेणी:शब्दकोष]] पुष्पचुड – Puspacura. A city in northern Vijayardh mountain. विजयार्ध की उत्तर श्रेणी का एक नगर “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] पुलाक – Pulaka. Saints not following the prescribed procedure completely. निर्ग्रन्थ साधु का एक भेद; जिनके मूलगुणों में कदाचित् दोष लग जाते हैं एवं उत्तरगुणों की भावना से रहित होते हैं तथापि ये भावलिंगी मुनि होते हैं “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] पुरिमताल – Purimatala. Name of the place where Lord Rishabhnath got omniscience. एक नगर; ॠषभनाथ भगवान के केवलज्ञान प्राप्ति स्थान का नाम. वर्तमान में यह प्रयाग (इलाहाबाद) में माना जाता है “