निर्जल व्रत!
[[श्रेणी:शब्दकोष]] निर्जल व्रत – Nirjala Varta. A vow (fasting) even without taking water. उपवास; जल का भी त्याग कर उपवास रखना ” हर व्रत को करने में उत्कृष्ट विधि निर्जल व्रत (उपवास) की होती है”
[[श्रेणी:शब्दकोष]] निर्जल व्रत – Nirjala Varta. A vow (fasting) even without taking water. उपवास; जल का भी त्याग कर उपवास रखना ” हर व्रत को करने में उत्कृष्ट विधि निर्जल व्रत (उपवास) की होती है”
[[ श्रेणी:जैन_सूक्ति_भण्डार ]] [[श्रेणी:शब्दकोष ]] == ध्यान : == मोक्ष: कर्मक्षयादेव, स चात्मज्ञानतो भवेत्। ध्यानसाध्यं मतं तच्च, तद्ध्यानं हिममात्मन:।। —योगशास्त्र : ४-११३ कर्म के क्षय से मोक्ष होता है, आत्मज्ञान से कर्म का क्षय होता है और ध्यान से आत्मज्ञान से कर्म का क्षय होता है और ध्यान से आत्मज्ञान प्राप्त होता है। अत: ध्यान…
[[श्रेणी:शब्दकोष]] निरूपभोग – Nirupabhoga. Devoid of worldly enjoyments. उपभोग रहित होना-तैजसऔर कार्माण शरीर की भॉति “
[[श्रेणी : शब्दकोष]] विषम द्रष्टांत – Vishama Drstamta. An odd example of an event. जो दार्ष्टान्तिक के सदृश न हो उसे विषम द्रष्टांत कहते हैं “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] निराकुलता – Nirakulataa. Calmness, Peace of mind, Unperturbedness. सुख अर्थात् आकुलता से रहित होना “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] सत्यमित्र – Satyamitra. Name of the 41st chief disciple of Lord Risabhdev. भगवान ऋषभदेव के 41वें गणधर “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] सुवर्ण – Suvarna. A good colour, Golden, Gold, Name of a summit and a deity of Shikri mountain. अच्छा वर्ण, सुनहरा, सोना, तौल का एक प्रमाण, 2.5 धरण = 1 सुवर्ण या 1 कंस, षिखरी पर्वत का एक कूट तथा देव, अपरनाम कांचन ।
[[श्रेणी:शब्दकोष]] निरपेक्ष –Nirapeksha. Without expectation, independent. स्वतंत्र; किसी दूसरे की अपेक्षा न रखने वाला, जैसे- केवलज्ञान “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] लोकव्यवहार – Lokavyavahaara. : Worldly dealings. सामाजिक शिष्टाचारयुक्त व्यवहार “