मेमंदर पुराण!
[[श्रेणी :शब्दकोष]] मेमंदर पुराण–Memandar Puran. Name of a tratise written by Vaman Muni. ई.श. 12–13 में हुए तमिल कवि ‘वामन मुनि’ द्वारा रचित ग्रंथ”
[[श्रेणी :शब्दकोष]] मेमंदर पुराण–Memandar Puran. Name of a tratise written by Vaman Muni. ई.श. 12–13 में हुए तमिल कवि ‘वामन मुनि’ द्वारा रचित ग्रंथ”
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्राण असंयम- वट्काय जीवों की विरधना से उत्पन्न असंयम प्राण असंयम है। PranaAsamyanma- Violence of living beings
[[श्रेणी:शब्दकोष]] बहिरात्मा – मिथ्यादर्शन से मोहित जीव जो आत्मा के ज्ञान, ध्यान से विमुख रहकर इन्द्रियों के सुख को भेगता है। Bahiratma- Follower of materialism of worldly enjoyments
[[श्रेणी : शब्दकोष]] विशेष – Vishesha. Special, Peculiar, Particular, Distinctive. समान भाव को सामान्य और उससे अन्य अर्थात् विसमान भाव को विशेष कहते हैं ” व्याव्रती अर्थात् भेद की बुध्दी उत्पन्न करने वाला विशेष हैं “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] बलऋद्धि- एक ऋद्धि जो मन, वचन व काय क भेद से तीन प्रकार की होती है। परीाहों के सहने में बलप्रदायिनी ऋद्धि। बाहुबली भगवान ने यह ऋद्धि अपने तपोबल से प्रप्त की थी। Balarddhi- A type of supernatural power related to strength
महापुराण- आचार्य जिनसेन कृत कलापूर्ण संस्कृत काव्य जिसे इनकी मृत्यु के पश्चात् इनके शिश्य आ0 गुणभद्र ने पूरा किया । जिनसेन वाले भाग का नाम आदि पुराण है जिसमें भगवान ऋषभ तथा भरत बाहुबलि का चरित्र चित्रित किया गया है। इसमें 47 पर्व तथा 15000 श्लोक है गुणभद्र वाले भाग का नाम उत्तर पुराण है…
[[श्रेणी:शब्दकोष]] बाधक- जो रुकावट को कारण हो जैसे, मिथ्यात्व कर्म सम्यक्त्व का बाधक है। Badhaka- Obstuctive, hindering, restrictive