धृतिक्षेम!
धृतिक्षेम A king of Kuru dynasty. धृतिमित्र राजा के पश्चात् हुआ एक कुरूवंशी राजा। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
धृतिक्षेम A king of Kuru dynasty. धृतिमित्र राजा के पश्चात् हुआ एक कुरूवंशी राजा। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
[[श्रेणी : शब्दकोष]] भाव परिवर्तन – Bhava Parivartana. Volitional changes causing the transmigration of soul continuously. पंचपरिवर्तन में एक परिवर्तन; मिथ्यात्व के वश में पड़कर प्रकति, स्थिति, अनुभाग और प्रदेश बंध के कारणभूत परिणामों या भावों का अनुभवन “
[[श्रेणी: शब्दकोष]]स्वभाव नय – Svabhaava Naya. A standpoint expressing the real nature of matter. द्रव्यार्थिक नय, द्रव्य के वास्तविक स्वभाव का कथन करता है।
धूमप्रभा Name of the earth of the 5th hell, having smoky radiance. पांचवे नरक की पृथिवी का नाम- जिस पृथिवी की प्रभा धुआँ के समान है वह भूमि धूमप्रभा है। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
उपशांतकरण Immaturity of Karmas.कर्म की उदयावली में आने की असमर्थता होना अर्थात् उदय में न आना, दबे रहना।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
धारा Flow, Sequences (related to maths). प्रवाह, गणित संबंधी सर्वधारा, वर्गधारा आदि 14 धारा। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
आयंबिल An austerity with single item food, Tasteless food. स्वाद रहित, रूखा भोजन, नीरस भोजन।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] स्वपर चारित्र – Svapara Caaritra. Perfect and imperfect right conduct.निश्चय व्यवहार चारित्र। निज शुद्वात्मा के संवेदन मे अनुचरण करना अर्थात् समता भाव स्वचारित्र तथा शुद्वात्म रुप से रहित होकर रागभाव रुप परिणमन अर्थात् शुद्वोपयोग से विपरीत परद्रव्यो मे शुभ अषुभ रुप परचारित्र है।
धवल रूधिर One of the excellences of Lord Arihant, to have milky blood. भगवान अर्हंत के जन्म के 10 अतिशयों में एक, दूध के समान धवल रूधिर। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
जयनाथ Name of the 21st predestined Tirthankar (Jaina Lord). भावीकालीन २१वें तीर्थंकर का नाम ।[[श्रेणी:शब्दकोष]]