नैॠत्य!
[[श्रेणी:शब्दकोष]] नैॠत्य – Nairtya. Name of a direction, a guardian deity, a ruling deity of a lunar. दिशा; पश्चिम दक्षिणी कोणवाली विदिशा, लोकपाल देवों का एक भेद, एक नक्षत्र ‘मूल’ के अधिपति देवता का नाम “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] नैॠत्य – Nairtya. Name of a direction, a guardian deity, a ruling deity of a lunar. दिशा; पश्चिम दक्षिणी कोणवाली विदिशा, लोकपाल देवों का एक भेद, एक नक्षत्र ‘मूल’ के अधिपति देवता का नाम “
तिर्यंचयोनिज Beings born in Tiryanch form. जो जिर्यंच की योनिेयों से उत्पन्न हों। 84 लाख योनि में तिर्यंच की योनि 62 लाख है। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] वज्रघोष – Vajraghosh. One who was soul of Lord Parshvanath & became an elephant after killed by Kamath. तीर्थंकर पार्श्वनाथ का जीव जो कामथ द्वारा मारा जाने पर सलल्की वन में वज्रघोष हाथी हुआ “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] नेमिचंद्र – Nemichandra. Name of a great Aacharya, the writer of Gommatsar etc.great books of Jainism. सिद्धांत चक्रवर्ती; गोम्माटसार, त्रिलोकसार, लब्धिसार, द्रव्यसंग्रह आदि के कर्ता आचार्य, चामुंडरायके गुरु ” समय-ई.श.10-11 “
तिमिस (गुफा) Name of a cave of Vijayardh mountain. विजयार्थ पर्वत की गुफा, जहां से गंगा नदी निकलती है। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] शिशुपाल – Shishupaala. Name of a famous king who was killed by Krishna according to jaina scriptures. राजा मेषज एवं रानी मद्री का पुत्र, इसके तीन नेत्र थे ” किसी निमित्तज्ञानी ने बताया था कि जिसके देखने से इसका तीसरा नेत्र नष्ट होगा वही इसका हन्ता होगा ” माता-पिता उसे एक बार कृष्ण के…
[[श्रेणी : शब्दकोष]] भाग – Bhaga. Division, a fraction, a section. अंश, पर्याय, भेद, विधा , भाग सब एकार्थवाची हैं “
तापी A river of Bharat kshetra in Arya khand (region). भरतक्षेत्र आर्यखण्ड की एक नदी। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] नीचोपपाद देव – Neechopapaada. A type of peripatetic celestials. एक प्रकार की व्यंतरजातीय देव “
तरेप्पन क्रिया वृत Union or association with youngs (which is prohibited in relation to observing celibacy). श्रावक की 53 क्रियाओं के वृत – अष्टमूलगुण , बारह व्रत, बारहि तप, समता भाव, ग्यारह प्रतिमाएं, चार दान, पानी छानकर पीना, रात्रि भोजन त्याग, सम्यग्दर्शन सम्यग्ज्ञान आसैर सम्यग्चारित्र के वृत । इनकी विधिस ग्रंथों में देखें। [[श्रेणी: शब्दकोष…