प्रवचन वात्सल्य!
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्रवचन वात्सल्य- 16 कारण भावना की एक भावना; साधमींजनो को देखकर स्नेह से ओतप्रोत हो जाना। PravacanaVatsalya- Affection towards co-religionists, to keep love with one another
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्रवचन वात्सल्य- 16 कारण भावना की एक भावना; साधमींजनो को देखकर स्नेह से ओतप्रोत हो जाना। PravacanaVatsalya- Affection towards co-religionists, to keep love with one another
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्रदक्षिणा पथ- परिक्रमा करने की वीथी या गली। pradaksina patha – circumambulatory passage
इंद्रायुध Name of a king (in the era of whom Harivansh Puran was composed by Jinsenacharya). उत्तर भारत का एक राजा (ई.750-783 इनके समय में ही जिनसेनाचार्य ने हरिवंश पुरान की रचना की थी।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्रमेयत्व- प्रमेय के भाव को प्रमेयत्व कहते है। Prameyatva- Something related to the knowledge of subject matter
एकप्रदेशत्व See – Ekapadårthasthitva. देखें- एंकपदार्थस्थित्व।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
उत्तरायण The Sun’s northward progress. सूर्य के अंतिम वीथी में स्थिर होने से उत्तरायण माघ माह से (मकर संक्रांतिद से) अषाढ़ माह तक (183 दिन) सूर्य उत्तरायन रहता है।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्रमाणसंग्रहालंकार- प्रमाण संग्रह टीका विशयक एक ग्रंथ। Pramanasangrahalankara- Name of a Commentary book
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्रमाण (द्रव्य, क्षेत्र, काल)- द्रव्य क्षेत्र काल की मर्यादा। Pramana (Dravya, Ksetra, kala)- Measure related to matter, region & time
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्रभु- धाति कर्मो के क्षय से जिसने केवज्ञान के द्वारा परमार्थ को जान लिया है, सकल तŸवों का जिसने उपदेष दिया है वह प्रभ्ज्ञु होता है अर्थात अरिहंत भगवान। Prabhu- Almighty God
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्रभ- सौधर्म स्वर्ग का 21 वाँ पटल व इन्द्रक का नाम। Prabha- Name of the 21stpatal (layer) &Indrak of Saudharma heaven