श्रुतवीर!
[[श्रेणी:शब्दकोष]] श्रुतवीर – Shrutaveera. Name of a Bhattarak of Sen group. सेनसंघ या वृषभ संघ की पट्टावलि के एक भट्टारक “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] श्रुतवीर – Shrutaveera. Name of a Bhattarak of Sen group. सेनसंघ या वृषभ संघ की पट्टावलि के एक भट्टारक “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] श्रुतवाद – Shrutavaada. Scriptural speech. अंग प्रविष्ट और अंगबाह्या श्रुत का कथन जिस वचन कलाप के द्वारा किया जाता है वह द्रव्यश्रुत श्रुतवाद कहलाता है, श्रुतज्ञान का एक पर्यायवाची नाम “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] श्रुतमुनि – Shrutamuni. The disciple of saint Abhayachandra Suri. त्रिभंगीसार टीका एवं परमागमसार ग्रंथ के रचयिता, जो अभयचंद्र सूरि के शिष्य थे ” समय ई. श. 13-अंतिम पाद “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] श्रुतभावना – Shrutabhaavanaa. A kind of auspicious reflection. 5 उत्तम भावना में एक भावना; श्रुतभावना करना अर्थात् तद्विषयक ज्ञान में बारम्बार प्रवृत्ति करना “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] श्रुतपंचमी क्रिया – Shrutapanchmee Kriyaa. A religious devotional procedure of eulogy. ज्येष्ठ शु. 5 को श्रुतपंचमी कहते हैं ” इस दिन सभी साधु बृहत् सिद्ध भक्ति और बृहत् श्रुत भक्ति पढ़कर श्रुतस्कंध की स्थापना करके श्री इंद्रनंदि आचार्य विरचित श्रुतावतार का उपदेश देने के अनन्तर बृहत् श्रुत भक्ति व बृहत् आचार्य भक्ति पढ़कर स्वाध्याय…
[[श्रेणी:शब्दकोष]] श्रुतधर आम्नाय – Shrutadhara Aamnaaya. The tradition of great saints possesing scriptural knowledge (shrutgyan). श्रुत को धारण करने वाले आचार्यो की परम्परा, मूलसंघ की पट्टावली में अंतिम श्रुतकेवली भद्रबाहु हैं “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] श्रुततीर्थ – Shrutateertha. An auspicious event (Veer Shashan Jayanti) related to the first resonant preaching of Lord Mahaveera. श्रावण कृष्ण प्रतिपदा (वीर शासन जयंती) को श्रुततीर्थ दिवस कहते है क्योंकि इसी दिन सुबह अभिजित नक्षत्र में तीर्थ (वीर शासन) की उत्पत्ति हुई थी ” अर्थात् राजगृही के विपुलाचल पर्वत पर भगवान महावीर की प्रथम…
[[श्रेणी:शब्दकोष]] श्रुतग्रंथकृति – Shrutagranthakriti. The treatises with appropriate meanings. शब्द संदर्भ रूप अक्षरकाव्यों द्वारा प्रतिपाद्य अर्थ को विषय करने वाली जो ग्रंथरचना की जाती है “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] श्रुतज्ञानी – Shrutgyaani. One well versed in scriptual knowledge. वस्तुस्वरुप को जानने वाला; श्रुतज्ञान अर्थात् शास्त्रज्ञान में पारंगत “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] श्रुतज्ञानावरण – Shrutgyaanaavarana. Karmas obscuring the Shrutgyaana (scriptual knowledge). ज्ञानावरण कर्म का एक भेद; जो कर्म श्रुतज्ञान को आवरण करे “