परमगुरू!
[[श्रेणी: शब्दकोष]] परमगुरू: See-Paramarsi.देखें – परमऋषि ।
[[श्रेणी:शब्दकोष]] योतिमती मनुश्यनी – भाव से स्त्री वेद एव द्रव्य से पुरूश या स्त्री या नपुंसक वेद से संयुक्त मनुश्य, मनुश्यनी योतिमती मनुश्यनी कहते है। Yonimati Manusyani-Those human beings who are female according to Bhav ved But who might be male, female or hermaphrodite according to Dravya ved
[[श्रेणी: शब्दकोष]]हिंसा यज्ञ – Himmsaa Yaggay violenceful sacrificial rite. पशु या मनुष्यों की जिसमे आहुति दी जाये ऐसा हिंसक यज्ञ। तीर्थकर मुनिसुव्रतनाथ के तीर्थ मे सगर राजा से द्वेष रखने वाला एक महाकाल नाम का एक असुर हुआ था, उस अद्वानी ने इस हिंसायज्ञ का उपदेष दिया था।
[[श्रेणी:शब्दकोष]] यषोभद्रा – नन्दीष्वर द्वीप की उत्तर दिषा में स्थित एक वापी। Yasobhadra-name of a religious preceptor of Acharya Bhadrabahu-2
[[श्रेणी: शब्दकोष]]हानि – Haani. Loss, damage, Ham, Destruction, reduction. ह्नास, पतन, हीन (दो गुणहानि, डेढ़ गुणहानि, षट्गुणहानि)।
आराधना(ग्रन्थ) Name of a treatise, A book composed by Ganini Gyanmati Mataji in Sanskrit. भगवती आराधना का अमितगति(वि.1050-1073) कृत संस्कृत रूपान्तरण, साधुओं की चर्या से संबधित गणिनी ज्ञानमति माताजी द्वारा रचित 450 श्लोकबद्ध एक संस्कृत ग्रन्थ (ई.श.20)। [[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] संहार – Sanhaara. Drawing together or contraction of soul points, Destruction. संकोच; जीव के प्रदेशों का शरीर के अनुसार संकुचित होना ” नाश, ध्वंस “
[[श्रेणी: शब्दकोष]]हरिवाहन – Harivaahana. The son of Lord Rishabhnath. ऋषभनाथ भगवान का पुत्र तथा भरत का छोटा भाई। भरत द्वारा राज्य मांगे जाने पर विरक्त हो दीक्षा धारण की, अंत मे मुक्ति प्राप्त की।
[[श्रेणी:शब्दकोष]] यशोधर्मा – भोजवंश के एक राजा का नाम। समय ई 1143 – 1153 Yasodharma- Name of a king of Bhoj Dynasty
[[श्रेणी: शब्दकोष]]हरिजय – Harijaya. One of the sons of Vidyadhar Nami. विद्याधर नमि के अनेक पुत्रों मे एक पुत्र।