पुण्यास्त्रवकथाकोष!
[[श्रेणी:शब्दकोष]] पुण्यास्त्रवकथाकोष – Punyanubamdhi Punya. A book written by Pandit Ramchandra. ई.श.१३ के मध्यपाद में पं. रामचंद्र द्वारा रचित एक ग्रंथ “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] पुण्यास्त्रवकथाकोष – Punyanubamdhi Punya. A book written by Pandit Ramchandra. ई.श.१३ के मध्यपाद में पं. रामचंद्र द्वारा रचित एक ग्रंथ “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] वानरद्वीप –Vaanaradviipa.: Name of an island of Lanka. लंका का रमणीय एवं सुरक्षित द्वीप ,रक्षक वंशी राजा कीर्तिध्वज ने यह द्वीप अपने साले श्रीकंठ को दिया था ” श्रीकंठ ने इसी द्वीप के किष्कु पर्वत पर किष्कुपुर नगर बसाया था “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] पुंडरीकिणी नगरी – Pumdarikini Nagari. Name of a main city of Pushkalavani of the east Videh Kshetra (region). पूर्व विदेह स्थित पुश्क्लावर्त की मुख्य नगरी. अपरनाम- पुष्कलावती “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] वाद-विवाद – Vaad-Vivaada.: Debate,Mutual discussion,Argumentation. अपने पक्ष का प्रमाण से स्थापना करना वाद एवं दूसरे के मत को खंडन करने वाले वचन कहना विवाद है “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] शुक्र (देव) – Shukra (Deva). An Indra of Shukra- Mahashukra heavens. शुक्र – महाशुक्र कल्प युगल का इन्द्र “
एकत्ववितर्क अवीचार The absolute supreme meditation. अर्थ व्यंजन और योग की संक्रान्ति को हटाकर मन को निश्चल करके 12 वें गुणस्थान को प्राप्त करना और फिर ध्यान लगाकर पीछे नहीं हटना।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] वाचिक व्युत्सर्ग– Vaachika Vyutsarga.: See- Vaachanika Vyutsarga. देखें – वाचनिक व्युत्सर्ग “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] पंचाग्नि तप – Panchaagni Tapa. A type of austerity related to five types of fire. बालतप (मिथ्यातप); तापस 5 अग्नियों के मध्य बैठकर यह तप करते हैं “
उत्तम स्थान Salvation, The supreme place. सर्वोत्तम श्रेष्ठ स्थान मोक्ष।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] वाचनिक – Vaachanika. Which can be expressed in words. वचनों के द्वारा किया जाने वाला या शब्दों में अभिव्यक्त “