धैवती!
धैवती Something one pertainting to a vocal tune. संगीत के षड्ज स्वर से सम्बंध रखने वाली एक जाति। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
धैवती Something one pertainting to a vocal tune. संगीत के षड्ज स्वर से सम्बंध रखने वाली एक जाति। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
[[श्रेणी : शब्दकोष]] विपाक – Vipaka. Fruition of karmas. कर्मों का फल देना अथवा द्रव्य, क्षेत्र, काल, भव, भाव इन ५ निमित्तों के द्वारा कर्मों का अनेक प्रकार से पाक होना अथवा फल देना “
[[श्रेणी :शब्दकोष]] मिथ्या श्रुतज्ञान–Mithya shrutagyan. False scriptural knowledge. मिथ्यादर्शन के उदय के साथ श्रुतज्ञान मिथ्या श्रुतज्ञान कहलाता है”
धूपदशमी व्रत A vow (fasting) on the day of Dhupadashmi, one of the Jaina festival. दशलक्षण पर्व में आने वाली दशमी को शीतलनाथ भगवान की पूजा- जाप्य एवं उपवास करना। धूपदशमी के दिन मंदिरों में सामूहिकरूप में अग्नि में धूप खेने की प्राचीन परम्परा है। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
[[श्रेणी : शब्दकोष]] माणिक्यनंदि – Manikyanamdi. Name of the disciple of Ratnanandi and pre-cepter of Magehchandra, and the disciple of Acharya Ramnandi. नंदिसंघ बलात्कारगण में रत्ननन्दी के शिष्य तथा मेघचंद्र के गुरु (ई. सं. ६६३-६७९), आचार्य रामनंदी के शिष्य परीक्षामुख सूत्र के कर्ता आचार्य (ई. स. १००३-१०२८) “
धारणा Retention of known objects. मतिज्ञान के 4 भेदों में एक भेद ; अवायज्ञान के द्वारा जाने गये पदार्थ का विस्मरण नहीं होना।[[श्रेणी: शब्दकोष ]] या 5 conceptual stages of meditation (Pindastha). पिण्डस्थ ध्यान की 5 धारणाएँ मानी हैं- पार्थिवी , आग्नेयी, वायवी, वारूणी एंव तत्वरूपवती। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] भेद पक्ष:Acceptance of something with alternative viewpoints. द्रव्य को गुण व पर्याय की अपेक्षा ग्रहण करना “
धर्मोपदेष्टा Preceptor, Religious teacher (saint or sage). वक्ता धर्म का उपदेश देने वाला , जो समस्त श्रुत को जानता है एंव जिसके मन, वचन, काय की प्रवृत्ति शुद्ध है। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
[[श्रेणी : शब्दकोष]] वृषभसेन – Vrsabhasena. The younger brother of Bharat Chakravarti, who became first chief disciple of Lord Rishabhdev.Name of a king of Rajgrahi city. भरत चक्रवर्ती के छोटे भाई जो की पुरिमतालपुर के राजा थे ये भगवन ॠषभदेव के प्रथम गणधर बने राजगृही के एक राजा का नाम जिन्होने तीर्थकर मुनिसुव्रत को आहार…