जघन्य धर्मध्यान!
जघन्य धर्मध्यान Religious observances of lowest kind. उत्तम, माध्यम , जघन्य में धर्मध्यान का तीसरा भेद . यह चौथे -पांचवे गुणस्थान में घटित होता है ।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
जघन्य धर्मध्यान Religious observances of lowest kind. उत्तम, माध्यम , जघन्य में धर्मध्यान का तीसरा भेद . यह चौथे -पांचवे गुणस्थान में घटित होता है ।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्रागभाव- पूर्व पर्याय में वर्तमान पर्याय का जो अभाव है उसे प्रागभाव कहते है। जैसे- आटे मे रोटी का अभाव। Pragabhava- Prior non-existence of something
[[श्रेणी:शब्दकोष]] बलाधानहेतु- शक्ति सम्पन्न कारण; सुख-दुख की उत्पत्ति में कर्म बलाधान हेतु है। Baladhanahetu- Karmas causes bliss & pain
उत्तम जाति Super cast of Indra, Chakravarti, Arihant & salvated soul. उत्तम जाति चार हैं- दिव्य विजयाश्रिता परमा एंव स्वा। इन्द्र के दिव्या जाति चक्रवर्ती की विजयाश्रिता अर्हन्त भगवान की परमा एंव मुक्त जीवों की स्वा जाति होती है।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] बर्हिध्वज- मयूराकृतियों से चिन्हित ध्वजाएं। Barhidvaja- A kind of flags having mark of peacock
[[श्रेणी:शब्दकोष]] संयोगी भाव – Sanyogi Bhaava. Passionful sentiments caused by synthetical relation with substances. रागादी भाव जो पुद्गल के संयोग से उत्पन्न होते हैं “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] बादर सांपरायिक बंधक- निक्षेप की अपेक्षा बंधक का एक भेद। Badara Samparayika Bamdhaka- A type of karmic binder
उत्कलिका Present city – Belgaon & Dharvad. भीमरथ और कृष्णमेरण(कृष्णा) नदी के बीच का प्रदेश जो अब बेलगाँव व धारवाड़ कहलाता है।[[श्रेणी:शब्दकोष]]