प्रतितंत्र!
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्रतितंत्र – Pratitantra. Ambiguous meaning (indistinct). एक शास्त्र में सिद्ध और दूसरे शास्त्र में असिद्ध अर्थ प्रतितंत्र कहलाता है “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्रतितंत्र – Pratitantra. Ambiguous meaning (indistinct). एक शास्त्र में सिद्ध और दूसरे शास्त्र में असिद्ध अर्थ प्रतितंत्र कहलाता है “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] राजस दान – जो दान थोडे समय के लिए सुन्दर और चकित करने वाला हो एवं अपते यष और ख्याति के लिए किया गया हो। Rajasa Dana- Donation for own popularity or fame
[[श्रेणी:शब्दकोष]] रेषमी वस्त्र – रेषम से बने वस्त्र। Resami Vastra-Silky cloth
[[श्रेणी:शब्दकोष]] पुष्पप्रकिर्णक विमान – Puspaprakirnaka Vimana. A type of heavenly abodes (scattered). विमान का एक भेद; श्रेणीबध्द विमानों के अन्तराल में बिखरे हुए पुष्पों की भांति पंक्ति रहित इधर उधर बिखरे हुए देव विमान “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] रोगपरिशहजय – 22 परिशहो में एक परिशह, असाध्य पीडा को उसके प्रतिकार की कामना रहित होकर साधु द्वारा समतापूर्वक सहन करना। रोग परिशह जय कहलाता हैं। Rogaparisaha Jaya-To bear afflictions of disease
[[श्रेणी:शब्दकोष]] लब्ध राशि – प्राप्त की गई राषि। Labdha rasi-Gained amount or quantity of something
[[श्रेणी:शब्दकोष]] पुरुषप्रभ – Purusaprabha. A type of Kimpurusha peripatetic deities. किंपुरुष व्यंतर देवों का एक भेद “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] रोमज वस्त्र – वस्त्र के पांच प्रकारो अंडज, वोडज, रोमज, वक्कज, चर्मज में एक प्रकार, उन से बने वस्त्र। Romaja (vastra)-Woolen clothes