उपनिषद भाष्य!
उपनिषद भाष्य A book written by ‘Sureshvarji’. वेदान्त साहित्य प्रवर्तक शंकर के शिष्य सुरेश्वर (ई.820) कृत एक ग्रंथ।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
उपनिषद भाष्य A book written by ‘Sureshvarji’. वेदान्त साहित्य प्रवर्तक शंकर के शिष्य सुरेश्वर (ई.820) कृत एक ग्रंथ।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्रमा प्रमेय- न्याय विशयक एक ग्रंथ। PramaPremeya- Name of book related to judicial matter
उपचरित सद्भूत व्यवहासर नय A type of figurative conception/perception. उपाधि सहित गुण व गुणी में भेद को विषय करने वाला नय जैसे जीव के मतिज्ञान आदि गुण।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्रमाणंगुल- उत्सेधंगुल से 500 गुना बडा अंगुल। इससे पर्वत, द्वीप, समुद्र आदि का माप होता है। Pramanamgula- A broad measuring unit, A measure
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्रमाण परार्थ- परोपपदेष से प्राप्त ज्ञान। PramanaParartha- Knowledge caused by other means
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्रमत्त संयत- छठे गुणस्थानवर्ती मुति; जो पुरुश सकल मूल-गुणों से और शील अर्थात उत्तर गुणें से सहित हैं, अतएव महाव्रती होते हैं तथा व्यक्त औश्र अव्यक्त प्रमाद से सहित होने के कारण प्रमŸा संयत कहलाते हैं। Pramattasamyata- One restrained with some carelessness in the sixth stage of spiritual development
उपचारकथन Formal statement. व्यवहार कथन- ‘कर्म जीव के स्वभाव का पराभव करता है।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्रभामंडल- भगवान के आठ प्रतिहार्यों में 7 वां प्रतिहार्य। Prabhamandala- An auspicious emblem of god (ring of light: halo)
[[श्रेणी:शब्दकोष]] सहस्रनयन – Sahasranayana. The son of Sulochana. सगर चक्रवर्ती का साला तथा सुलोचना का पुत्र ।
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्राथमिक- प्रारम्भिक, जो पहले उत्पन्न हुआ है। Prathamika- Elementary, primary