उत्सर्गलिंग!
उत्सर्गलिंग Form of unclothedness (of Digambar Jaina saints). जैन साधु का द्रव्य (दिगम्बर) लिंग।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
उत्सर्गलिंग Form of unclothedness (of Digambar Jaina saints). जैन साधु का द्रव्य (दिगम्बर) लिंग।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] सामान्य भूमि – Saamaanya Bhoomi. Gircular land in the assembly of Lord Arihant (with 20,000 stairs in every direction). समवसरण के 31 अधिकारों में प्रथम अधिकार । समवशरण में सामान्य भूमि गोल होती है। उसकी प्रत्येक दिशा में आकाश में स्थित 20-20 हजार सीढि़याॅं है।
एक करवटनिद्रा An austerity, Sleeping with the single posture. कायक्लेश का भेद- एक करवट से सोना।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] सामान्य छल – Saamaanya Chhala. General cheating or deceitful behavior. छल के तीन भेद वाक्छल, सामान्य छल व उपचार छल में एक भेद । सम्भावना मात्र से कही गयी बात को सामान्य नियम बनाकर वक्ता के वचनों के निषेध करने को सामान्य छल कहते है।
[[श्रेणी:शब्दकोष]] सापराध – Saaparaadha. Offender, guilty, one at fault. अपराधी ।
[[श्रेणी:शब्दकोष]] रावण – 8 वा प्रतिनारायण राजा रत्नश्रवा व रानी कैकसी का पुत्र अपरनाम दषानन। यह लंका का राजा था इसकी 18 हजार रानियां थी। जैन धर्म के अनुसार सीता का हरण कर नारायण लक्ष्मण के हाथों मरकर तीसरे नरक गया। Ravana-The 8th Pratinarayan, The son of the king ratnasharva his other name was dashanan
[[श्रेणी: शब्दकोष]] परमेष्ठीगुण व्रत:A type of vow ( related to virtues of Parmeshthis).प्ंच परमेष्ठी के कुल 143 गूुणों के विषेष तिथियों में उपवास एवं नमस्कार मंत्र का त्रिकाल जाप्य करना ।
त्रायस्त्रिंश Thirty three, A type of deities (33 in number). तैंतीस , 33, देवों के इन्द्र, सामानिक आदि दस भेदों में से एक भेद । इनकी संख्या 33 है। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] रात्रिक पूजा – त्रैकालिक पूजा का एक प्रकार अर्थात रात्रि में पूजा करना। सागार धर्मामृत ग्रंथों में श्रावको के लिए तीनों संध्याओं में पूजन करने का विधान है। Ratrika Puja-A kind of Traikalik worshiping, worshiping the lord in night time
[[श्रेणी:शब्दकोष]] साधारण कायिक जीव – Saadhaarana Kaayika Jiiva. Vegetation like common aquatic plant (one sensed beings according to Jaina Philosophy). वनस्पति। जो एक शरीर बहुत जीवों का होता है वह साधारण शरीर कहलाता है। ऐसा साधारण शरीर जिन जीवों का होता है वे साधारण जीव कहलाते है। साधारण शरीर में रहने वाले सभी जीवों का…