वयोवृद्ध!
[[श्रेणी:शब्दकोष]] वयोवृद्ध – Vyovraddha: Old persons,Aged or senior. उम्र में बड़े ; वृद्ध लोगों की संगति सेवा से अनुभव चारित्र आदि में वृद्धि होती है, मन निर्लेप होता है “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] वयोवृद्ध – Vyovraddha: Old persons,Aged or senior. उम्र में बड़े ; वृद्ध लोगों की संगति सेवा से अनुभव चारित्र आदि में वृद्धि होती है, मन निर्लेप होता है “
[[श्रेणी : शब्दकोष]] भय संज्ञा – Bhaya Samjna. Fear instinct. ४ संज्ञाओं में एक संज्ञा; जिससे बचने की व छिपने की इच्छा होती हैं “
[[श्रेणी :शब्दकोष]] यक्षोत्तम– Yakshottam. A type of peripatetic deities. यक्ष जातिके व्यंतर देवो का एक भेद”
[[श्रेणी : शब्दकोष]] मनोरम- Manorama. A type of peripatetic deities , Another name of Sumeru mountain. किन्नर नामक व्यंतर जाति का एक भेद , सुमेरु पर्वत का अपर नाम “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] नो संसार – No Sansaara. State of supreme soul (omniscient) before getting salvation. चतुर्गति में परिभ्रमण न होने से तथा अभी मोक्ष की प्राप्ति न होने से सयोगकेवली की जीवन्मुक्त अवस्था ईषत्संसार यो नोसंसार है “
[[श्रेणी: शब्दकोष]] पत्रजाति वनस्पति :A type of vegetation (betel leaf etc) नागरवेल आदि वनस्पति (पान, पत्ता आदि)।
[[श्रेणी :शब्दकोष]] मेचक–Mechak. Soul with different stages. अनेक अवस्था रूप होना जैसे आत्मा कंथचित मेचक है”
[[श्रेणी : शब्दकोष]] विरवित –Viravit Name of the disciple of Sinhbal and spiritual teacher of Padmasen पुन्नाटसंघ की गुर्वावली के अनुसार सिंहबल के शिष्य तथा पश्नसेन के गुरु ” समय – ई. श. ७ अंतपाद “
[[श्रेणी : शब्दकोष]] विरति – Virati. To be free from worldly attachments or sins i.e. desirelessness. विरक्त होना, हिंसादी पापों से छुटना, उदासीनता “