जगमोहनदास!
जगमोहनदास The writer of the book ‘Dharmaratnodyot’. ‘धर्मरत्नोद्योत’ के करता एक हिंदी कवि (ई.१८०७) ।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
जगमोहनदास The writer of the book ‘Dharmaratnodyot’. ‘धर्मरत्नोद्योत’ के करता एक हिंदी कवि (ई.१८०७) ।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
तत्वार्थ सूत्र टीका Name of a commentary book. कन्नडऋ कवि योगदेव (ई. 1550) कृत एक टीका । [[श्रेणी:शब्दकोष]]
उपमान-उपमेय संबंध Mutual relation between the objects of compa-rison. वह संबंध जिससे किसी की तुलना की जाये वह उपमान एंव जो तुलना करने करने के योग्य हो वह उपमेय।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
जगदीश भट्टाचार्य Name of a promoter of Vaisheshik philosophy. वैशेषिक दर्शन के के साहित्य प्रवर्तक जिन्होंने भाष्य- सूक्ति नामक एक रचना की ।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
टोडरमल A very learned and extraordinary Pandit who wrote commentary on a number of Jain script-ures.जयपुर के एक पंडित (ई.श.1740 -1767) जिन्होंने गोमट्टसार लब्धिसार, क्षपणासार, त्रिलोकसार इत्यादि कई ग्रंथें की हिन्दी टीका की। [[श्रेणी:शब्दकोष]]
उपनिषद भाष्य A book written by ‘Sureshvarji’. वेदान्त साहित्य प्रवर्तक शंकर के शिष्य सुरेश्वर (ई.820) कृत एक ग्रंथ।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
चूलगिरि (तीर्थ) Name of a Jaina place of pilgrimage in Barwani (M.P.), the salvation place of a lot of Munis (saints) including Indrajeet, Kumbhkarna etc. It’s another name is Bavangaja. मध्यप्रदेश में बड़वानी नगर में स्थित एक सिद्ध क्षेत्र जहां से इंद्राजीत , कुम्भकर्ण आदि अनेक मुएँ मोक्ष गए हैं ।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] सविचार – Savichaara. Condition related to absolute meditation where unconsciously different attributes of medititation replace on another. पृथक्त्व वितर्क शुक्लध्यान । अर्थ, व्यंजन और योगों का संक्रम (परिवर्तन) वीचार है। जो ऐसे संक्रम से युक्त हो उसे सूत्र में सविचार कहा है।
उपचरित सद्भूत व्यवहासर नय A type of figurative conception/perception. उपाधि सहित गुण व गुणी में भेद को विषय करने वाला नय जैसे जीव के मतिज्ञान आदि गुण।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
जम्बूद्वीपसमास Name of a book written by Acharya Umaswami. आचार्य उमास वामी (ई.श. १-२) कृत संस्कृत गद्य में रचित ग्रन्थ ।[[श्रेणी:शब्दकोष]]