द्रव्य श्रमण!
द्रव्य श्रमण Out wordly saints, See – Dravya Li´ga. देखें – द्रव्य लिंग। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
द्रव्य श्रमण Out wordly saints, See – Dravya Li´ga. देखें – द्रव्य लिंग। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] पुष्पवती स्त्री – Puspavati Stri. Mensturous Woman. मासिक धर्म वाली स्त्री अर्थात् रजस्वला स्त्री. तीन दिन के अशौच काल में महिलाओं को किसी का भी स्पर्श करना वर्जित है, चतुर्थ दिवस स्नान के बाद घर के काम आदि के लिए शुध्द होती हैं लेकिन पूर्ण शुध्दि के पश्चात् ही पूजन- आहारदान का अधिकार होता…
[[श्रेणी : शब्दकोष]] ब्रह्मोत्तर (देव) – Brahmottara (Deva). A type of deities resident of the 6th heaven. कल्पवासी देवों का एक भेद ” छठे स्वर्ग के निवासी देव “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] पुष्पक – Puspaka. Name of the 3rd Indrak & Patal (layer) of Anata Pranar heaven, Name of the forest where Tirthankar (Jaina-Lord) Pushpadantnath got initiation as well as omniscience. आनत प्रणाम स्वर्ग का तृतीय पटल व् इंद्रक, तीर्थंकर पुष्पदंतनाथ के दीक्षा एवं केवलज्ञान वन का नाम “
द्रव्य मोक्ष Installation of supreme soul of Siddhashila. मोह का एक भेद जीव के द्रव्यादि सम्बन्धि मूढ़भाव । [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] पुरुषवेद सिध्द – Purusaveda Siddha. Beings who get salvation through the form of Purushved. पुरुषवेद (द्रव्य एवं भाव) से सिध्द होने वाले जीव “
द्रव्य परिवर्तन Modification of material forms. द्रव्य की पर्याय का बदलना।[[श्रेणी: शब्दकोष ]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] पुरालिपि – Puralipi. Palaeography, ancient writing. पुरानी लिपि जैसे- ब्राह्मी लिपि आदि “
द्रव्यगुण Common & specific virtues of substance or matter. द्रव्य के गुण दो तरह के हैं सामान्य गुण जो छहों द्रव्यों में पाये जाते हैं विशेषगुण जो हर एक ही में पाये जाते हैं। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्रज्वलित – Prajvalita. Blazing fire, The 6th Patel (layer) of the 3rd hell. प्रकृष्ट रूप से जलती हुई अग्नि, तीसरे नरक का छटा पटल “