बलरिपु!
[[श्रेणी:शब्दकोष]] बलरिपु- इन्द्र का अपरनाम। Balaripu- Indra (celestial deity)
[[श्रेणी:शब्दकोष]] बालचंद्र- मुनि; समयसार, प्रवचनसार, पंचास्तिकाय, तत्त्वार्थसूत्र व परमात्मप्रकाश के कत्रड़ टीकाकार। समय- ई.श. 13 पूर्व। इस नाम से भवत्रिभंगी तथा द्रव्य संग्रह की टीका के कर्ता (ई. 1273-1311) आदि अन्य दिगम्बर मुनि भी हुए है। Balacandra- Name of some Jaina saints
तीर्व Intense, Acute. भाव, क्रोधादि कषायों की तीव्रता को तीव्र भाव कहते हैं। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] बन्दनवार- धोरण, वन्दनमाला जो मंदिर के द्वार पर लटकायी जाती है। Bandanavara- Auspicious hangings (of wreath etc) hung at the entrance door of temple
इन्द्रभूति- पूर्व भव में आदित्य विमान में देव थे। यह गौतम गोत्रीय ब्राह्मण थे। वेद पाठी थे। भगवान वीर के समवशरण में मानस्तम्भ देखकर मानभंग हो गया। व 500 शिष्यों के साथ दीक्षा धारण कर ली। तथा सात ऋद्धियाँ प्राप्त हो गयी। भगवान महावीर के प्रथम गणधर थे। आपको नावण कृश्ण एकम् के पूर्वोह काज…
[[श्रेणी:शब्दकोष]] बध्य घातक भाव विरोध- विरोध का एक भेद, यह सांप- नेवला या अग्नि – जल आदि में होता है। दोविद्यमान पदार्थो के संयोग होने पर बलवान द्वारा निर्बल को बािधत करना। अग्नि से असंयुक्त (मित्र) जल अग्नि को नहीं बुझा सकता है। Badhya Ghataka Bhava Virodha- Ruinous, controversial, relation lik
[[श्रेणी:शब्दकोष]] लिंग पाहुड – आचार्य कुन्दकुन्द कृत साधु के द्रव्य व भाव लिंग विशयक 22 गाथा निबद्ध ग्रंथ। Limgapahura-Name of a treatise written by Acharya Kundkund
[[श्रेणी:शब्दकोष]] बादर युग्मराशि- बह राशि जिसको चार से अवहुत (भाग) करने पर दो रुप शेष रहता है। Badara Yugmarashi- such a Quantity, on Dividing to which by 4, 2 will be remainder
[[श्रेणी:शब्दकोष]] लवणोदसिद्ध – क्षेत्र की अपेक्षा से लवण समुद्र से सिद्ध होने वाले जीव स्तोक है। Lavanodasiddha-salvated beings from the lavan ocean
आम्रवन Forest of mango-trees, Name of the initiation forest of Lord Shantinath. आम के वृक्षों का वन, शांतिनाथ भगवान के दीक्षा वृक्ष का नाम(सहस्रआम्र)।[[श्रेणी:शब्दकोष]]