जघन्य असंख्यात!
जघन्य असंख्यात A transcendental number (a mathematical term). जघन्य युक्तासंख्येय का द्वितीय वर्ग२ ; अलौकिक संख्या की अपेक्षा सहनानी।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
जघन्य असंख्यात A transcendental number (a mathematical term). जघन्य युक्तासंख्येय का द्वितीय वर्ग२ ; अलौकिक संख्या की अपेक्षा सहनानी।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
डाँस A type of listeners of low category (creating disturbances). श्रोताः जो उपदेश तो बिल्कुल ही ग्रहण न करें परन्तु सारी सभा को डाँस (मच्छर) के समान व्याकुल कर दें।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
गंभीर मालिनी A river of western videh (region). अपर विदेह स्थित एक विभंगा नदी ।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
ढ The fourteenth consonant of the Devanagari syllabary. देवनागरी लिपि का चौदहवाँ व्यंजन अक्षर, इसका उच्चारण स्थान मूर्धा है।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
गंधमालिनी An area in western videh (region), Name of a summit (koot) of Devamal vakshar and its protec-ting deity, name of a vibhanga river of Videh (region). अपर विदेह स्थित एक क्षेत्र ,देवमाल वक्षार का एक कूट, देवमाल वक्षार गंधमालिनी कूट का रक्षक देव, विदेह क्षेत्र स्थित एक विभंगा नदी । [[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी : शब्दकोष]] विपर्यय ज्ञान – Viparyaya Jnana. Wrong knowledge or faith. एक पक्ष का निश्चय करने वाले विपरीत ज्ञान को विपर्यय कहते हैं ” जैसे – सीप में ‘यह चांदी है’ इस प्रकार का ज्ञान होना “
तथाकार Assent of the instructions of Lord Arihant. समाचार का एक भेदः जीवादि का परम्पराा से चला आया उपदेश और सूत्रादि – इनमें जो अर्हंत ने कहा वह सत्य है, ऐसा समझना। [[श्रेणी:शब्दकोष]]
उ The fifth vowel of the Devanagari syllabary. देवनागरी वर्णमाला का पांचवा स्वर।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी : शब्दकोष]] वीरचर्या –Vircarya. Strict and pure conduct of Jaina saints. निग्रन्थ मुनि की निर्दोष चर्या अथार्त कठोर आचरण “