एतिकायन!
एतिकायन One believing in ignorance. एक अज्ञानवादी मत को मानने वाला।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
एतिकायन One believing in ignorance. एक अज्ञानवादी मत को मानने वाला।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
ध्रुवग्राही One who is constantly involved in grasping of knowledge. जो सतत ज्ञान प्राप्त करने में प्रयत्नशील है।[[श्रेणी: शब्दकोष ]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] संतोष – Santosha. Satisfaction,Contentment. शांति, परितुष्टि ” अर्थात् लोभ-तृष्णा का अभाव “
[[श्रेणी: शब्दकोष]]स्वमुख उदय – Svamukha Udaya. Natural fruition of karmas. कर्म प्रकृतियो का आपरुप होकर ही उदय मे आना स्वमुख उदय है एवं अन्य प्रकृति रुप होकर उदय मे आना परमुख उदय हैं।
ध्याता A meditator. धर्म व शुक्लध्यानों को ध्याने वाले योगी को ध्याता कहते हैं अर्थात् ध्यान करने वाला मुनि। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
[[ श्रेणी:जैन_सूक्ति_भण्डार ]] [[ श्रेणी:शब्दकोष ]] == मिथ्यात्व : == मिथ्यात्वं वेदयन् जीवो विपरीतदर्शनो भवति। न च धर्म रोचते हि, मधुरं रसं यथा ज्वरित:।। —समणसुत्त : ६८ जो जीव मिथ्यात्व से ग्रस्त होता है, उसकी दृष्टि विपरीत हो जाती है। उसे धर्म भी रुचिकर नहीं लगता, जैसे ज्वरग्रस्त मनुष्य को मीठा रस भी अच्छा नहीं…
[[श्रेणी: शब्दकोष]] स्वभाव द्रव्य पर्याय – Svabhaava Dravya Paryaaya. Natural states of matters. कर्मोपाधि रहित पर्याये स्वभाव द्रव्य पर्याये कही जाती है। सब द्रव्यो की जो अपने अपने प्रदेशो की स्वभाविक स्थिति है वही द्र्रव्यो की स्वभाव पर्याय है।
धृतिक्रिया An auspicious activity (worshipping the Lord for the well growth of the child in womb). गर्भान्वय की 53 क्रियाओं में से चैथी क्रिया; गर्भाधान के सांतवे महीने में गर्भ की वृद्धि के लिए पूजा पाठ एंव गर्भ के बालक को आशीर्वाद देना।[[श्रेणी: शब्दकोष ]]
आनंदिता Name of a female divinity of Vajra summit of Nandan forest. नन्दन वन के वज्रकूट की स्वामिनी टिक्कुमारी देवी।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] स्वभाव – Svabhaava. Nature, property, characteristic.वस्तु का असाधारण और शाश्वत धर्म ही उसका स्वभाव कहलाता है। जैसे- जीव का स्वभाव चेतना या जानना, देखना है।