आरम्भकथा!
आरम्भकथा Talks about worldly activities. विकथा के 25 भेदों में एक असि. मषि आदि कार्य संबंधी कथा करना।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
आरम्भकथा Talks about worldly activities. विकथा के 25 भेदों में एक असि. मषि आदि कार्य संबंधी कथा करना।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
उपसंयत Controlled behaviour . गुरुकुल में मैं आपका हूँ ऐसा कहकर उच्चारण करना (समर्पण भाव से साधु के समान संयत होकर रहना)। [[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी : शब्दकोष]] विदल – Vidala. Pulses (having two parts ) mixed with raw milk or curd, it is not edible according to Jaina phi-losophy. द्विदल; कच्चे दूध – दही – मट्ठा के साथ द्विदल (दो दल वाले दलहन ) पदार्थों के साथ मुख्य की लार का संबंध होने से असंख्य स्म्मुर्छन जीव राशि पैदा…
फल Fruits, Results of Karmas. खाने योग्य फल, कर्म आदि के परिणाम। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
[[श्रेणी : शब्दकोष]] भागहार – Bhagahara. Divisor (the number by which another is divided ). जिस संख्या का भाग दिया जाये वह संख्या भागहार, हार, भाजक इत्यादि कहलाती है “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] संयमलब्धि – स्थान – Sanyamalabdhi – Sthana. The stage for the attainment of restraints. जिस अवस्था विशेष में संयम लब्धि ठहरती हैं “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] निर्मोह – Nirmoha. Attachmentless, a characteristic of a saint. साधु का एक लक्षण; मोह से रहित होना “
त्रसनाड़ी A channel or tunnel of mobile beings. लोक के बहु मध्य में एक राजु लम्बा और कुछ कम तेरह राजु ऊंचा बस जीवों का निवास क्षेत्र । [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
आहारक लव्धि Extra – ordinary power of translocation (related to soul). एक ऋद्धि प्रमत्त गुणस्थानवर्ती मुनि को आहारक शरीर बनाने की शक्ति का प्रकट होना।[[श्रेणी:शब्दकोष]]