भूतरक्ता!
[[श्रेणी : शब्दकोष]] भूतरक्ता – Bhutarakta. Name of a female beloved divinity of a peripa-tetic deity ‘Pratirup’. एक व्यंतर इंद्र ‘प्रतिरूप’ की देवी का नाम “
[[श्रेणी : शब्दकोष]] भूतरक्ता – Bhutarakta. Name of a female beloved divinity of a peripa-tetic deity ‘Pratirup’. एक व्यंतर इंद्र ‘प्रतिरूप’ की देवी का नाम “
गंगा The first river of Jambudvip among all 14. जम्बूद्वीप की १४ महानदियों में प्रथम नदी , यह पद्म सरोवर के पूर्व द्वार से निकली है । [[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी :शब्दकोष]] मैथुनशाला–Maithunshala. Name of a place of some deities. ज्योतिष देवो के प्रसादो में एक प्रसाद, भवनवासी देवो के भवनों में एक गृह”
खांसना Coughing, To cough. कफ आदि के कारण हवा को आवाज के साथ गले से बाहर फेंकना । [[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी : शब्दकोष]] भाव अशुध्द आहार – Bhava Asuddha Ahara. A fault related to saint – food . १६ उदगम दोषों से युक्त आहार ” साधु यदि आहार संबंधी १६ उदगम दोषों में किसी प्रकार का विकल्प करता है तो वह भाव से उद्दिष्ट आहार है “
गुणश्रेणी निर्जरा Multiple progression dissociation. जब कर्मों की निर्जरा प्रतिसमय क्रमशः असंख्यात गुणी संख्यात हो तो इसे गुणश्रेणी निर्जरा कहते हैं।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
खंडनखंडखाद्य A book written by ‘Shri Harsh’. वेदान्त साहित्य प्रवर्तक ‘श्री हर्ष ‘द्वारा रचित एक ग्रन्थ ।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी : शब्दकोष]] बोधायन – Bodhayana. Name of a commentator of Vedant literature. बादरायण के ब्रम्हसूत्र पर टीका लिखने वाले एक वेदांत साहित्य प्ररर्तक “
दुर्भग नामकर्म प्रकृति A Karmic nature pertaining to unfortune (reg. awkward body). दुर्भाग्य से संबधित एक कर्म प्रकृति, जिसके उदय से बेडौल , कुरूप शरीर प्रापत होता है। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
[[श्रेणी : शब्दकोष]] भाव सामायिक – Bhava Samayika. Equanimity in pain & pleasure. सुख – दुःख में साम्यभाव धारण कर मैत्रीभाव के साथ सम्पूर्ण सावध से निर्वत्त ह्नुं, इन भावों के साथ सामायिक करना “