हैरण्यवत् (क्षेत्र)!
[[श्रेणी: शब्दकोष]]हैरण्यवत् (क्षेत्र) – Hairanyavat (Ksetra). Name of the 6th region in all the 7 regions of Jambudvip (island). जम्बूद्वीप के 7 क्षेत्रों मे छठा क्षेत्र। यहाॅ जधन्य भोगभूमि है।
[[श्रेणी: शब्दकोष]]हैरण्यवत् (क्षेत्र) – Hairanyavat (Ksetra). Name of the 6th region in all the 7 regions of Jambudvip (island). जम्बूद्वीप के 7 क्षेत्रों मे छठा क्षेत्र। यहाॅ जधन्य भोगभूमि है।
[[ श्रेणी:जैन_सूक्ति_भण्डार ]] [[श्रेणी:शब्दकोष ]] == दान : == जह उसरम्मि खित्ते पइण्णवीयं ण िंक पि रुहेइ। फलवज्जियं वियाणह, अपत्तदिण्णं तहा दाणं।। —वसुनन्दि श्रावकाचार : २४२ जिस प्रकार ऊसर खेत में बोया गया बीज कुछ भी नहीं उगाता है, उसी प्रकार अपात्र में दिया गया दान भी फलरहित—सा है। साहूणं कप्पणिज्जं, जं न वि दिण्णं…
एक-अजीव कषाय Passion related to non soul matters. निक्षेप की अपेक्षा कषाय का एक भेद।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी : शब्दकोष]] भास्करी – Bhaskari. A type of super power. रावण को प्राप्त एक विधा “
[[श्रेणी: शब्दकोष]] परम ज्योति:Supreme splendor, see- Parama Advaita.ज्ञानरूपी प्रकाश, देखें- परम अद्वैत ।
[[श्रेणी: शब्दकोष]]हित – Hita. Benevolence, welfare, well-being. भला, कल्याण, जो मोक्षपद की प्राप्ति रुप प्रधान या मुख्य फल मिलता है उसको हित कहते है।
आत्मनिन्दन Self – condemnation. सम्यग्दृष्टि के द्वारा अपने दोषों की स्वयं निन्दा और गर्हा करना।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी: शब्दकोष]]हारिद्र – Haaridra. Turmeric, name of the 22nd patal (layer) of Saudharm Indra. हल्दी, सौधर्म स्वर्ग के 32 पटलो मे 22 वां पटल (इन्द्रक)।