दृष्टिवाद!
दृष्टिवाद A type of scriptural knowledge (Shrutgyan). अंगप्रविष्ट श्रुतज्ञान का बारहवाँ भेद, जिसके ५ भेद हैं-परिकर्म, सूत्र, प्रथमानुयोग, पूर्वगत, चूलिका ।[[श्रेणी: शब्दकोष ]]
दृष्टिवाद A type of scriptural knowledge (Shrutgyan). अंगप्रविष्ट श्रुतज्ञान का बारहवाँ भेद, जिसके ५ भेद हैं-परिकर्म, सूत्र, प्रथमानुयोग, पूर्वगत, चूलिका ।[[श्रेणी: शब्दकोष ]]
[[श्रेणी : शब्दकोष]] विप्रतिपत्ति – Vipratipatti. Mutual controversial principles. एक वस्तु में परस्पर विरोधी दो वादों का नाम विप्रतिपत्ति है अथवा विपरीत निश्चय का नाम विप्रतिपत्ति है “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] स्वप्न – Svapna. Dream, one of the 8 parts of causative knowledge (Nimittagyan).कल्याणवाद पूर्व मे वर्णित निमित्तज्ञान के 8 अंगो मे प्रथम अंग। स्वप्न दो प्रकार के माने गये है स्वस्थ स्वप्न और अस्वस्थ स्वप्न।
दृढ़राज्य Father’s name of Lord Sambhavnath. संभवनाथ तीर्थंकर के पिता का नाम (दृढ़राज)। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
देवत्रिक Triplet of Karmic nature related to celestial body form . देवगति , देवायु , देवगत्यानुपूर्वी[[श्रेणी:शब्दकोष]]
दुस्वर नामकर्म Karmic nature causing bad voice. नामकर्म की एक प्रकृति जिसके उदय से स्वर खराब हो। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
[[श्रेणी : शब्दकोष]] ब्रह्मोत्तर (पटल) – Brahmottara (Patala). Name of the 4th Patal (layer) and Indrak Viman of Brahma. ब्रह्म स्वर्ग का चौथा पटल व इंद्रक विमान “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] स्वचतुष्टय – Svacatustaya. A quartel related to the nature of matter.द्रव्य के स्वभाव भूत द्रव्य-क्षेत्र-काल-भाव स्वचतुष्टय है।
दुर्भाषा Rude, Violent, Merciless & husky language. कर्कश, कटु, निष्ठुर, परकोपी, जीवों की हिंसा करने वाली आदि भाषा।[[श्रेणी: शब्दकोष ]]
जयपुर Name of a city of Bharat Kshetra (region). भरतक्षेत्र का एक नगर ।[[श्रेणी:शब्दकोष]]