ध!
ध The nineteenth consonant of Devanagari syllabary. देवनागरी वर्णमाला का उन्नीसवाँ व्यंजन , इसका उच्चारण – स्थान दन्तमूल है।[[श्रेणी: शब्दकोष ]]
ध The nineteenth consonant of Devanagari syllabary. देवनागरी वर्णमाला का उन्नीसवाँ व्यंजन , इसका उच्चारण – स्थान दन्तमूल है।[[श्रेणी: शब्दकोष ]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्रत्येक बुद्धि ऋद्धि- ऋद्धि; जिसके द्वारा गुरु उपदेष के बिना ही कर्मो के उपषम से सम्यग्ज्ञान और तप के विशय में प्रगति होती है। pratyeka buddhi riddhi – a type of supernatural power related to self enlightened.
[[श्रेणी : शब्दकोष]] पूर्वापर संबंध – Purapara Sambandha. Mutual relationship. संबंध का एक भेद; परस्पर में संबंध या तालमेल होना “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्रमाणक देव- एक प्रकार के व्यन्तरजातीय देव। इनकी उत्कृश्ट आयु 70,000 वर्श है। Pramanaka Deva- A type of peripatetic deities
द्वेष Aversion, Antipathy, Hatred. अप्रीति या वैरभाव होना। क्रोध, मान, अरति, शोक, जुगुप्सा, भय ये सभी द्वेष के ही रूप हैं। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्रमत्त- हिंसक, प्रमादी, संज्वलन कशाय के तीव्र उदय से होने वाले प्रमाद से सहित। Pramatta- One with having passional vibrations, Lustful
द्धिपर्वा A super knowledge of medicine. एक औषध विद्या, दिति-अदिति द्वारा नमि और विनमि विद्याधरों को दी हुई 16 निकायों की विद्याओं में एक विद्या।[[श्रेणी: शब्दकोष ]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्रभा- आभा; द्रव्यों का अपना विषेश सलोापरन या तेज, सौधर्म स्वर्ग का एक पटल। Prabha- Lustre, rediance, Splendour, A patal (layer) of Saudharma heaven
उदयदेव Name of an Acharya. वादीभसिंह की उपाधि से अलंकृत एक दगिम्बर आचार्य (ई.770-860)।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्रायोगिकी क्रिया- क्रिया का एक भेद; गाड़ी आदि की पुरुश प्रयत्न से होने वाली क्रिया। PrayogikiKriya- Human efforted activity