राग!
[[श्रेणी:शब्दकोष]] राग – प्रेम, प्रीति, स्नेह, माया, व लोभ कशाय तथा हास्य, रति व तीन वेद से प्राप्त भाव। Raga-Attachment, passion, love, Affection
[[श्रेणी:शब्दकोष]] राग – प्रेम, प्रीति, स्नेह, माया, व लोभ कशाय तथा हास्य, रति व तीन वेद से प्राप्त भाव। Raga-Attachment, passion, love, Affection
गृहीत गुणाकार Assumed multiplier. गुणकाररूप से ग्रहण किया गया द्रव्य ।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] समधारा – Samadhaaraa. Mathematical sequence or series increasing by even number 2. श्रेणी व्यवहार गणित की एक धारा। दो दो की संख्या से केवलज्ञान के अविभाग प्रतिच्छेदो तक बढ़ती हुई संख्या की धारा। जैसे 2,4,6,8 आदि।
चर्या परीषह Observance affliction, walking penance etc. कठिन तपस्या के साथ चर्या करना . चलते समय थकान , तीक्ष्ण कांटे आदि की पीड़ा को सहन करना ।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी: शब्दकोष]] मधुसेना – Madhusena. Name of the chief Aryika (Ganini) in the Samavasharan (assembly) of Lord Mallinath. मल्लिनाथ भगवान के समवशरण की गणिनी आर्यिका का नाम ( अपरनाम – बंधुषेणा ) “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] रूपातीत ध्यान – सिद्ध परमेही का घ्यान करना। Rupatita Dhyana-A type of meditation deep engrossment in the form of Siddha Bhagvan
चम्पा A city in the north of Vijayardh mountain, A variety of flower. विजयार्ध की उत्तर श्रेणी का एक नगर, एक फूल का नाम ।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी: शब्दकोष]] मदना – Madana Name of a river of Bharat Kshetra Arya Khand (region). भरत क्षेत्र आर्यखंड की एक नदी “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] शुद्धोपयोगी – Shuddhopayogi. A saint engrossed in pure soul i.e. in absolute meditation. शुद्धोपयोगसहित साधू या वीतराग स्वसंवेदन सहित जीव ” निश्चय रत्नत्रय से युक्त वीतरागी श्रमण “