भास्कर (कवि)!
[[श्रेणी : शब्दकोष]] भास्कर (कवि) – Bhaskara (kavi). Name of a poet who wrote Jivandhar Charitra. जीवन्धर चरित्र के रचयिता एक कन्नड़ कवि “
[[श्रेणी : शब्दकोष]] भास्कर (कवि) – Bhaskara (kavi). Name of a poet who wrote Jivandhar Charitra. जीवन्धर चरित्र के रचयिता एक कन्नड़ कवि “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] वक्ता –Vaktaa: Orator , Speaker , Instructor ,One well –versed in scriptures . शास्त्रों का व्याख्याता ;सर्वज्ञ तीर्थंकर केवली .श्रुतकेवली और आरातीय आचार्य वक्ता के तीन भेद हैं ” सामान्य रूप से किसी भी भाषण करने वाले को भी वक्ता कहते हैं “
[[श्रेणी : शब्दकोष]] भुवनकीर्ति – Bhuvanakirti. Disciple of Acharya Sakalkirti and preceptor of Gyanbhushan. नन्दिसंघ बलात्कार गण में आचार्य सकलकीर्ति के शिष्य व ज्ञानभूषण के गुरु (ई. १४४२-१४६८) “
[[श्रेणी: शब्दकोष]] पर अहिंसा:To Protect others i.e. to follow non-violence. दूसरो की रक्षा आदि करना ।
[[श्रेणी :शब्दकोष]] मीमांसा दर्शन–Meemansa Darshan. Philosophical system of Investigation. षट्दर्शन में एक दर्शन”
[[श्रेणी:शब्दकोष]] वंदनमाला –Vandanmaalaa.: An auspicious article,garland of flowers(to be hung at a door). लौकिक मंगलों में एक मंगल :24 तीर्थंकर वन्दनीय होते हैं ,इसलिए भरत चक्रवर्ती ने 24 कलियों वाली वंदनमाला मुख्य दरवाजे पर लगवाई थी “वर्तमान में भी मंदिरों के दरवाजों पर वंदनमाला लगाने की परम्परा है “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] निषेध – Nishedha. Negation, negative element, prevention. प्रतिषेध, रोकना, प्रतिषेधक नियम “
[[श्रेणी :शब्दकोष]] मोद क्रिया–Mod Kriya. An auspicious activity related to the birth of child. गर्भधान के नवमें महीने में गर्भ की पुष्टि के लिए पुनः पूर्वोक्त विधान करके, स्त्री को गात्रिका–बन्ध, मन्त्रपूर्वक बीजाक्षर लेखन व मंगलाभूषण पहनाना”
[[श्रेणी:शब्दकोष]] निषण्ण निषण्ण व्युत्सर्ग – Nishnna Nishnna vyutsarga. A type of bad meditative relaxation. कायोत्सर्गका एक भेद; बैठकर अशुभ ध्यान करना “