स्वोपकार!
[[श्रेणी: शब्दकोष]]स्वोपकार – Svopakaara. Benevolence for self. उपकार के दो भेदो मे एक भेद। अध्यात्म मार्ग मे स्वोपकार अर्थात् अपनी आत्मा का उपकार ही इष्टा है परोपकार नही।
[[श्रेणी: शब्दकोष]]स्वोपकार – Svopakaara. Benevolence for self. उपकार के दो भेदो मे एक भेद। अध्यात्म मार्ग मे स्वोपकार अर्थात् अपनी आत्मा का उपकार ही इष्टा है परोपकार नही।
[[श्रेणी: शब्दकोष]] परत्वापरत्व:Relativity of time placed with different matters.छोटे-बडे के व्यवहार को परत्वापरत्व कहते है। ये काल द्रव्य का उपकार माना गया है। जैसे-25 वर्ष के मनुष्यको बडा एवं उसकी अपेक्षा 20 वर्ष के मनुष्य को छोटा कहते है।
गंधमादन(पर्वत) Name of a Gajdant mountain. सुमेरू पावत की चारों दिशाओं में स्थित गजदन्त पर्वतों में से एक । [[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी: शब्दकोष]]स्वाभाविक स्वभाव – Svaabhaavika Svabhaava. Natural nature instinct (of Siddhas). उपचरित स्वभाव का एक भेद। सिद्वों का पर को देखना व जानना स्वाभाविक स्वभाव है।
[[श्रेणी: शब्दकोष]]स्वहस्त क्रिया – Svahasta Kriyaa. Doing some work by oneself. साम्परायिक आस्रव सम्बन्धी 25 किं्रयाओ मे एक किं्रया, दूसरे के द्वारा करने योग्य कार्य को स्वयं संपादित करना।
[[श्रेणी:शब्दकोष]] सांपरायिक – Saamparaayika. Mundane inflow, passionful influx. कषाय सहित अर्थात् जो कर्म संसार का प्रयोजक है वह साम्परायिक है।
उपशमक अपूर्वकरण Subsider rising up at the 8th stage of spiritual development. 8 वें गुणस्थान को प्राप्त उपशम श्रेणी चढ़ने वाला। [[श्रेणी:शब्दकोष]]
==चोरी== बिना दिये किसी की गिरी, पड़ी, रखी या भूली हुई वस्तु को ग्रहण करना अथवा उठाकर किसी को दे देना चोरी है। इस पाप के करने वाले चोर कहलाते हैं। अथवा Theft, Robbery, Stealth, Concealment. चोरी-रखे हुए , गिरे हुए , भूले हुए अथवा धरोहर रखे हुए परद्रव्य को हरना ।[[श्रेणी:शब्दकोष]] धर्मात्मा सुरेन्द्रदत्त सेठ…
उपशमक Suppressor, Subsider, The suppressor of conduct deluding karmas. चारित्र मोहनीय कर्म का उपशमन कर्ता जीव।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्रतिष्ठापन समिति- 5 समितियों में एक समिति; निर्जतुभूमि पर मल मूत्रादि का विसर्जन करना। pratisthapana samiti – carefulness in excertion of faces etc. body wastes (waste disposal)