तप्त ऋद्धि!
तप्त ऋद्धि Heated, hot. जिस ऋद्धि से खाया हुआ अन्न धातुओं सहित क्षीण हो जाता है अर्थात् मल- मूत्रादि रूप परिणमन नहीं होता ।[[श्रेणी: शब्दकोष ]]
तप्त ऋद्धि Heated, hot. जिस ऋद्धि से खाया हुआ अन्न धातुओं सहित क्षीण हो जाता है अर्थात् मल- मूत्रादि रूप परिणमन नहीं होता ।[[श्रेणी: शब्दकोष ]]
[[श्रेणी: शब्दकोष]]हृद – Hrada. A large pond, large lake, water reservoir. तालाब, कुण्ड (6 वर्षधर पर्वतो पर स्थित है, इनमें से गंगा आदि 14 नदियां निकलती है)।
आदिकर्म Six fundamental duities of mundane life given by Lord Rishabhdev (Asi, Masi, Krishi, Vidya, Vanijya & Shilp). युग की आदि में कहे गये असि,मसि,कृषि, विद्या, वाणिज्य एंव शिल्परूप छः कर्म।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
तप गुरू A prime ascetic (guru) having special virtue in austerity. गुण में प्रधान गुरू । [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
[[श्रेणी: शब्दकोष]]हूहू – Huuhuu. A type of peripatetic deities, a large unit of time. गंधर्व नाम के व्यंतर देवांे का एक भेद। कोल का एक प्रमाण, हूह्नंग प्रमित काल के 84 लाख से गुणित होने पर प्राप्त काल।
तपकल्याणक वंदना Worshipping prayer of an auspicious event of Tirthankar’s (Jaina-Lord) life. कृतिकर्म सिद्ध- चारित्र- योगि व शांति भक्ति ।[[श्रेणी: शब्दकोष ]]
[[श्रेणी: शब्दकोष]] हितोपदेश – Hitopadesa. Benevolent speech, spiritual preaching. जिस धर्म उपदेष के द्वारा प्राणीमात्र का हित होता है।
[[श्रेणी: शब्दकोष]]हास्य – Haasya. Laughing or laughter. नोकषाय का एक भेद। हंसने को हास्य कहते हैं।
तत्वार्थसूत्र A great treatise written by Acharya Umasvami. आचार्य उमास्वामी (ई.श.2) कृत मोक्षमार्ग, तत्वार्थ दर्शन विषयक 10 अध्यायों में सूत्रबद्ध ग्रंथ । अपरनाम -मोक्ष शास्त्र। एक बार पाठ करने से उपवास के फल की प्राप्ति करने वाला। [[श्रेणी:शब्दकोष]]