योगद्वार!
[[श्रेणी:शब्दकोष]] योगद्वार – आस्त्रव, आत्मा से बंधने के लिए कर्मो का योगरूपी नाली के द्वारा आना। Yogadvara-path of inflow of karmas into soul
[[श्रेणी:शब्दकोष]] योगद्वार – आस्त्रव, आत्मा से बंधने के लिए कर्मो का योगरूपी नाली के द्वारा आना। Yogadvara-path of inflow of karmas into soul
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्रवचनी- श्रुतज्ञान का पर्यावाची नाम, जिसमें प्रकृश्ट वचन होते हैं वह प्रवचनी है। Pravacani- Another name of Shrutgyan, scriptural knowledge
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्रलंब- एक ग्रह का नाम, भूमि में प्रविश्ट कन्दमूल, अंकुर “मूल प्रलम्ब” तथा अंकुर, कोमल पत्ते, फल औश्र कठोर पत्ते, “अग्र प्रलम्ब” कहलाते है। Pralamba- Name of a planet, all esculent tuber roots bulbous roots.
[[श्रेणी:शब्दकोष]] रामायण जैन – ई सन् 1275 में एक कन्नड कवि कुमुदेन्दु द्वारा रचित एक ग्रंथ। Ramayan (jaina)-A religious treatise written by kannad poet Kumudendu
[[श्रेणी:शब्दकोष]] रूजा – वेदना रोग, पीडा संताप। Ruja-Illness, Infraction, Pain, Trouble
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्रथमकोट- समवषरण में स्थित धूलिषाल नामक प्रथमकोट। prathamakota – a creation in the samavsharan – assembly lord
[[श्रेणी:शब्दकोष]] रूचकवर पर्वत – मध्य लोक के 13 द्वीप का कुण्डलाकार पर्वत इस पर कुल 44 कूट है पूर्वादि दिषा में 8 – 8 कूट हैं जिन पर दिक्कुमारी देवियां रहती है।जो भगवान की माता की सेवा में जन्म कल्याणक के समय आती है। अभ्यंतर भाग में चार सिद्ध कूट है। Rucakavara parvata-name of a…
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्रमाणाभास- मिथ्याज्ञान; इसके संषय, विपरीत, अनध्यवसाय तीन भेद हैं। Pramanabhasa- Pseudo- organ of knowledge
[[श्रेणी : शब्दकोष]] भाव प्रत्याख्यान – Bhava Pratyakhyana. Internally renunciation of inauspicious deeds. अशुभ परिणामों का मैं त्याग करूंगा ऐसा संकल्प करना भाव प्रत्याख्यान है “