चित्त!
चित्त Consciousness of the soul. आत्मा के चैतन्यविशेषरूप परिणाम को चित्त कहते हैं ।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
चित्त Consciousness of the soul. आत्मा के चैतन्यविशेषरूप परिणाम को चित्त कहते हैं ।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
त्यागधर्म Doctrine of renunciation. 10 धर्मों में एक धर्म, संचेतन और अचेतन समस्त परिग्रह की निवृत्ति एंव संसार – शरीर – भोगों से उदासीनता । [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] शुभ नामकर्म प्रकृति – Shubha Naamakarma Prakrti. A physique making Karma causing attractive body. जिसके उदय से शरीर के अवयव सुन्दर होते हैं “
फलत्याग Abandonment of some particular fruits for some particular time. समस्त अथवा कुछ फलों का नियत समसय के लिए त्याग करना। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
[[श्रेणी : शब्दकोष]] वैरोटी –Vairoti Name of a female demigod of Lord Vimainath, A super power. भगवन विमलनाथ की शासन देवी, एक विधा “
तैजस संघात नामकर्म Karmic nature causing luminous body. जिसके उदय से तैजस वर्गणाएं परस्पर छेद रहित एकमेक हो जाएं। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
च The sixth consonant of the Devanagari syllabary. देवनागरी वर्णमाला का छठवाँ व्यंजन अक्षर , इसका उच्चारण-स्थान तालु है ।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] सुरपतिकांत- Surapatikamnta. Name of a city in the north of Vijayardha mountain विजयार्ध की उत्तर श्रेणी का एक नगर ।
तेजस्वी Lustrous bodied beings, A king of Ikshvaku dynasty, A chief disciple of Lord Adinath. शारीरिक एंव आत्मिक प्रभा से युक्त जीव, इक्ष्वाकुवंश का एक राजा, आदिनाथ भगवान का एक गणधर। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
चतुर्विध संघ Group of Muni (saint), Aryika (female Jain ascetic) & Devotees (male, female). मुनि,आर्यिका , श्रावक , श्राविका इन चारों के समुदाय को चतुर्विध संघ कहते हैं ।[[श्रेणी:शब्दकोष]]