छाया-संक्रामिणी!
छाया-संक्रामिणी A type of super knowledge. एक प्रकार की विद्या ; भगवान ऋषभदेव की भक्ति द्वारा नमि-विनमि को प्राप्त विद्या ।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
छाया-संक्रामिणी A type of super knowledge. एक प्रकार की विद्या ; भगवान ऋषभदेव की भक्ति द्वारा नमि-विनमि को प्राप्त विद्या ।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] सर्वसाधु – Sarvasaadhu. Great Digambar Jain saints involved in spirituality. रत्नत्रय साधना में रत ढाई द्वीप संबंधी समस्त दिगम्बर जैन साधु । णमोकार मंत्र के पाॅंचवे पद में इन समस्त साधुओ को नमस्कार किया गया है।
देश संयम Partial control (reg. good conduct of householder). श्रावक का चारित्र , 12 व्रत (पाँच अणुव्रत, तीन गुणव्रत, चार शिक्षाव्रत) आदि पालन करना। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
छिन्नगति A type of motion (reg. pervaded sound wave). गति का एक भेद ; मृदंग मेरी शंखादि के शब्द जो दूर तक जात्ये हैं , वे पुद्गलों की छिन्नगति हैं ।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] सर्वविद्याविराजिता – Sarvavidhyaaviraajitaa. See- Sarvavidyaaprakashinee. देखे – सर्वविद्याप्रकर्षिणी ।
चौइंद्रिय Four sensesd beings (reg. tasting, touching, smelling, seeing). स्पर्श , रसना , घ्राण , चक्षु इन्द्रिय वाले जीव चौइंद्रिय कहलाते हैं . कर्णइन्द्रिय , मन को छोड़कर इनके ८ प्राण होते हैं ।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] सर्वदोष त्याग – Sarvadosa Tyaaga. A great vow, complete renunciation of all 5 sins (violence, stealing etc.). महाव्रत। हिंसादि 5 पापों का पूर्णतः त्याग करना, इसका पालन मुनि करते है।
आहृतादान Receiving of stolen property by means of purchase. अचैर्याणुव्रत का एक अतिचार, चोर से चोरी का माल खरीदना।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] सर्पगुप्त – Sarvagupta. The spiritual teacher or Acharya Shivkoti name of the 26th chief disciple of Lord Rishbhdev, Name of the spiritual teacher of Acharya Mitranandi and an omniscient saint. भगवान आराधना के रचयिता आचार्य शिवकोटी के गुरु थे। समय ई.श. 1 का पूर्वपाद, भगवान वृषभदेव के 26 वें गणधर। आचार्य मित्रनंदि के गुरु।…
इंद्र(देव) Celestial deity, Lord of deities. देवों का राजा आज्ञा-ऐश्वर्य से युक्त देवों के स्वामी।[[श्रेणी:शब्दकोष]]