आहार!
आहार Food or Karmic intake. भोजन-खाद्य, स्वाद्य लेह्य, पेय चार प्रकार का है। अथवा नोकर्म वर्गणा आहारक, भाषा व मनोवर्गणा का ग्रहण करना आहार है। इनको ग्रहन करने वाले आहारक कहलाते हैं।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
आहार Food or Karmic intake. भोजन-खाद्य, स्वाद्य लेह्य, पेय चार प्रकार का है। अथवा नोकर्म वर्गणा आहारक, भाषा व मनोवर्गणा का ग्रहण करना आहार है। इनको ग्रहन करने वाले आहारक कहलाते हैं।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] निश्चयकाल – Nishchaya kaala. Time factor causing transformation of any entity. काल जो परिणमनकरने के कारण होता है अर्थात् जो सर्वद्रव्यों के परिणमन में उदासीन निमित्त कारण है ” इसी के आधार पर व्यवहार काल जाना जाता है “
तत्वार्थराजवर्तिक A book written by Acharya Aklanka Bhatta. आचार्य अकलंक देव (ई.620-680) द्वारा रचित एक ग्रंथ। [[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] शांति – Shanti. Peace, Calmness, Pacification, Tranquillity, The 51st planet. माध्यस्थ्य, समता, वैराग्य, प्रशं, शांति ये सब एकार्थ्वाची हैं, 51वें ग्रह का नाम “
जन्मकल्याणक Celebration of the birth event of Jaina Lord. भगवान के पांच कल्याणकों में एक , तीर्थंकरों के जन्म का उत्सव ।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] शल्य – Shalya. Sting; thorn; something that causes pain to body or mind; anger, pride, illusion, greediness, love, lust, longings for next birth (Nidan) & wrong belief are 8 stings in this world. शल्य का अर्थ पीड़ा देने वाली वस्तु है ” अर्थात् शरीर और मन सम्बंधी पीड़ा का कारण, कर्मोदय जनित विकार या…
उपाधि Rank, Alien belonging, Attachment, Requisites. पदवी, संसार से मोह अर्थात साधन के साथ अव्यापक और साध्य के व्यापक हेतु को उपाधि कहा जाता है।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] शरीरसंघात नामकर्म – Shareera Sanghaata Naamkarma. Physique making Karmas causing association of body. जिसके उदय से औदारिक आदि शरीरों की छिद्र रहित होकर परस्पर प्रदेशों में एकरूपता आती है ” यदि शरीर संघात नामकर्म संज्ञा न हो तो तिल के मोदक के सामान शरीर अपुष्ट रहेगा “
चन्द्रचिन्ह A kind of Kuru descendant, The significant symbol of Lord Chandraprabha, The symbol of Lord Svayamprabha present at Videh Kshetra. कुरुवंश के एक राजा का नाम, चंद्रप्रभ भगवान का चिन्ह, विदेह क्षेत्र में स्थित स्वयंप्रभ का चिन्ह ।[[श्रेणी:शब्दकोष]]