त्रिधाकरण!
त्रिधाकरण Three divisions of wrong (false) Karmas. मिथ्यात्व के तीन खंड करने की विधि को त्रिधाकरण कहते हैं मिथ्यात्व , सम्यक्मिथ्यात्व, सम्यक्प्रकृति। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
त्रिधाकरण Three divisions of wrong (false) Karmas. मिथ्यात्व के तीन खंड करने की विधि को त्रिधाकरण कहते हैं मिथ्यात्व , सम्यक्मिथ्यात्व, सम्यक्प्रकृति। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
तमोबाण Dark night, a night during the wane of the moon, A cave of the Vijayardh mountain. अंधकार का प्रसार करने वाला बाण , इसे भास्कर बाण से प्रभावहीन किया जाता है। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] शरीर नामकर्म – Shareera Naamkarma. Physique making Karmic nature causing formation of complete body. जिसके उदय से औदारिक आदि शरीर की रचना हो “
तपोनिधिव्रत A vow of fasting for 1057 days with particular procedure. एक व्रत का नाम जिसमें 1057 दिन विधि पूर्वक व्रत किये जाते हैं। विशेष देखें – हरिवंशपुराण ग्रंथ में।[[श्रेणी: शब्दकोष ]]
तन्मनोहरांगनिरीक्षण त्याग Renunciation of watching the beauty of women. ब्रहाचर्य व्रत की दूसरी भावना स्त्रियों के मनोहर अंगों को देखने का त्याग। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
आनर्थक्य Unnecessary, Unnecessary possession of things. अनावश्यक भोग-उपभोग के लिए आवश्यकता से अधिक वस्तु रखना (भोगोपभोग परिमाण व्रत का एक अतिचार)।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
तदुभय प्रत्ययिक जीव बंध Sentiments devolped through the fruition & prematured fruition of karmas. जीव भाव बंध का एक भेद कर्मां के उदय और उदीरणा से तथा उनके उपशम से जो भाव उत्पन्न होते हैं (अर्थात् जीव के क्षयोपशमिक भाव)। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
तत्वार्थ श्रद्धान Faith on all real matters. तत्व रूप पदार्थ की प्रतीति या श्रद्धा करना।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
तट The bank of a river, A king of Rakshas dynasty, Name of a city of Vijayardh mountain region. नदी का किनारा , राक्षस वंश का एक राजा, विजयार्ध पर्वत का एक नगर । [[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] सामान्य नय – Saamaanya Naya. General standpoint or attitude. सामान्य विचारधारा, नय के 42 भेदों में एक भेद । आत्मद्रव्य सामान्य नय से हार-माला-कण्ठी के डोरी की भांति व्यापक है।