संसार!
[[श्रेणी:शब्दकोष]] संसार- Sansaara. World, Wordly wandering through birth & death cycle. कर्म के विपाक के वश से आत्मा को भवांतर की प्राप्ति होना संसार है (चारों गतियों में भ्रमण होना) “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] संसार- Sansaara. World, Wordly wandering through birth & death cycle. कर्म के विपाक के वश से आत्मा को भवांतर की प्राप्ति होना संसार है (चारों गतियों में भ्रमण होना) “
घटमान योगी A meditator (the one expert in meditation and Yoga). जिसको योग का ध्यान का अच्छा अभ्यास हो ।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
गांधार A vowel, Present Afaganistan, west side of Jahalum of Punjab, A country of Bharat kshetra in Arya khand ( a region). एक स्वर, वर्तमान कंधार या अफगानिस्तान देश देश, पंजाब के जलहुम से पश्चिम का भाग, भरत क्षेत्र आर्य खण्ड का एक देश ।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी : शब्दकोष]] विभुत्व शक्ति – Vibhutva Sakti. The supreme thought which is pervaded every where. सर्व भावों में व्यापक ऐसी एक भाव रूप शक्ति ” जैसे – ज्ञानरूपी एक भाव सर्व भावों में व्याप्त होता है “
गुणहानि स्पर्द्धक Geometric regression super variform (aggregate of karmic molecules). एक गुणहानि के स्पर्द्धकों या कर्म द्रव्य की वर्गणाओं का समूह।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] पूर्व स्पर्धक – Poorva Spardhaka. Group of veriform with variated fruitional intencity of Karmic nature in wordly state. संसार अवस्था में देशघाति व सर्वघाति प्रकृतियों का जघन्य से उत्कृष्ट पर्यत्न अनुभाग रहता है, उससे युक्त स्पर्द्धक पूर्वस्पर्धक कहलाते हैं “
[[श्रेणी : शब्दकोष]] भुजंगशाली – Bhujangashali. A type of peripatetic deities. महोरग जातिय व्यंतर देवों का एक भेद “
गणितसारसंग्रह A book witten by Mahaviracharya. महावीराचार्य (ई.८००-८३०) द्वारा रचित एक गणित विषयक ग्रन्थ ।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] पूर्व पर्याय त्याग – poorva Paryaaya Tyaaga. Transforming in to new form by leaving past form. व्यय; पूर्व अवस्था का त्याग “
गंगादेवी A female deity of Gangakund and gangakut. गंगाकुण्ड तथा गंगाकूट की स्वामिनी देवी । [[श्रेणी:शब्दकोष]]