वासना!
[[श्रेणी:शब्दकोष]] वासना – Vaasanaa.: Passion,Passionate feelings. संस्कार, अविद्या ,अज्ञान, कषाय आदि की पुनः पुनः प्रवृत्ति रूप अभ्यास से उत्पन्न संस्कार वासना कहलाते हैं “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] वासना – Vaasanaa.: Passion,Passionate feelings. संस्कार, अविद्या ,अज्ञान, कषाय आदि की पुनः पुनः प्रवृत्ति रूप अभ्यास से उत्पन्न संस्कार वासना कहलाते हैं “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] पद्मलेश्या : One of the six Leshyas; characteristics of virtuous persons. जो त्यागी हो, भद्र हो, उत्ततम काम करने वाला हो, बहुत भी अपराध होने पर क्षमा कर दे, साधुजनों के गुणों के पूजन में निरत हो, ये सब पदमलेश्या के लक्षण है।
[[श्रेणी : शब्दकोष]] विष्णु –Visnu. Another name of Narayan, One of the great Acharya after salvation of Lord Mahavira. त्रिखंडाधिपति नारायण को विष्णु कहते हैं, त्रिपृष्ठ, द्विपृष्ठ, स्वयंभू, पुरुषोत्तम, पुरुषसिंह, पुण्डरीक, दत्त, लक्ष्मण और क्रष्ण ये ९ विष्णु (नारायण) हैं ” महावीर निर्वाण के ६२ वर्ष बाद हुए ५ आचायों में प्रथम आचार्य, ये श्रुतकेवली…
[[श्रेणी:शब्दकोष]] वायुशर्मा – Vaayusharmaa.: Name of the 10th chief disciple of Lord Rishabhadev. भगवान ऋषभदेव के 10वें गणधर “
[[श्रेणी :शब्दकोष]] मेरुषेणा–Merushena. Name of main Aryika (Ganini) in the assembly of Lord Abhinandan–nath. तीर्थंकर अभिनन्दननाथ के संघ की 3 लाख 30 हजार 6 सौ आर्यिकाओ में प्रधान (गणिनी) आर्यिका”
[[श्रेणी:शब्दकोष]] पद्मपुख: Name of the 15th predestined Kulkar (ethical founder). भविष्यकालीन 15 वे कुलकर का नाम ।
[[श्रेणी : शब्दकोष]] पूर्वापर – Purvapara. Antecedent and consequent. पहले और बाद का “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] शुद्ध द्रव्य व्यंजनपर्याय नैगमनय – Shuddha Dravya Vyanjana Paryaaya Naigamanaya. A standpoint related to distinct & indistinct description of a pure matter (Pudgal) & one of its Vyjana paryaya. शुद्धद्रव्य व उसकी किसी एक व्यंजनपर्याय को गौण-मुख्यरूप से विषय करने वाला नय “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] पुनरुत्थान – Punarutthana. Revival, Renaissance; resurrection. पुनर्जीवन, जीर्णोध्दार करना “
दम Subduing of feelings, self control. जितेन्द्रियता , इन्द्रियों को सम्यक रूप से दमन करना। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]