विनयलालस!
[[श्रेणी : शब्दकोष]] विनयलालस – Vinayalalasa. Name of a saint among particular group of 7 saints. सप्त ऋषियों में एक, विनयलालस “
[[श्रेणी : शब्दकोष]] विनयलालस – Vinayalalasa. Name of a saint among particular group of 7 saints. सप्त ऋषियों में एक, विनयलालस “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] शून्यागारावास – Shunyaagaaraavaasa. One of the 5 temprements of the vow of nonstealing (staying in peaceful & solitude place like caves etc.). अचौर्यव्रत की 5 भावनाओं में पहली भावना; सूने घर व स्वभाव से शून्य पर्वत की गुफा व वृक्ष की कोटर आदि में निवास करना शुन्यकारावास कहलाता है “
त्रिकोण रचना To pay reverence three times a day. उदयागत कर्म निषेकों की त्रिकोण रचना, एक एक घटता हुआ निषेक उदय में आना। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
चारण ऋद्धि A supernatural power of moving in the sky. एक ऋद्धिजिसके प्रभाव से आकाश में गमन किया जा सके ।।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] समास – Samaasa. A compound word. संग्रह, दो या अधिक पदों का मिलाकर एक पद बन जाना।
[[श्रेणी:शब्दकोष]] नाना-जीव नाना-अजीव – Nana-Jiva Nana-Ajiva Theory of many animates and inanimates अनेक जीव और अनेक अजीव ”
[[ श्रेणी:जैन_सूक्ति_भण्डार ]] [[ श्रेणी:शब्दकोष ]] == श्रद्धा : == जं सक्कइ तं कीरइ, जं न सक्कइ, तयम्मि सद्दहणा। सद्दहमाणो जीवो, वच्चइ अयरामरं ठाणं।। —धर्म संग्रह : २-२१ जिसका आचरण हो सके, उसका आचरण करना चाहिए एवं जिसका आचरण न हो सके, उस पर श्रद्धा रखनी चाहिए। धर्म पर श्रद्धा रखता हुआ जीव भी जरा…
[[श्रेणी:शब्दकोष]] शूद्र – Shudra. A member of the fourth and lowest division of early indo-aryan society, whose work is to serve other for livelihood. शिल्प, सेवा, शुश्रूषा से आजीविका करने वाले ” इनके कारू-अकारु दो भेद हैं “