भेदपद!
[[श्रेणी:शब्दकोष]] भेदपद:Different kinds of typical literary words with their antonyms. उत्कृष- अनुत्कृष, जघन्य-अजघन्य, सादि-अनादि, धु्व-अधु्व आदि समस्त भेद पद कहलातेहैं “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] भेदपद:Different kinds of typical literary words with their antonyms. उत्कृष- अनुत्कृष, जघन्य-अजघन्य, सादि-अनादि, धु्व-अधु्व आदि समस्त भेद पद कहलातेहैं “
[[श्रेणी : शब्दकोष]] विद्यासागर – Vidyashagara. Name of a great Digambar Jain Acharya of 20th century. चारित्रचक्रवर्ती आचार्य श्री शांतिसागर जी महाराज के द्वितीय पट्टाधीश आचार्य श्री शिवसागर महाराज के शिष्य मुनि श्री ज्ञानसागर महाराज (जो बाद में समाज द्वारा आचार्य बनाये गये) द्वारा दीक्षित बीसवीं सदी के एक प्रभावक आचार्य “
[[श्रेणी : शब्दकोष]] भूत नैगमनय – Bhuta Naigama Naya. Implication of something in present time which happened in the past (like tody is birth anni-versary of Lord Mahavira’). अतीत कार्य में ‘आज हुआ है’ ऐसा वर्तमान का आरोप या उपचार करना ” अथवा भूतकाल की बात में वर्तमान की मान्यता की जाये, जैसे आज महावीर…
एकश्रेणीवर्गणा A type of aggregate grouping of karmic mole-cules (of single range). कर्म अणुओं के समूहों का एक प्रकार।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
देशकाल Something related to the place and time. क्षेत्र एवं अवसर या समय के अनुसार कुछ विशेष होना।[[श्रेणी: शब्दकोष ]]
[[श्रेणी : शब्दकोष]] बीज गणित – Bija Ganita. Algebra, a branch of mathematics. गणित का वह भेद जिसमें अक्षरों को संख्या का घोतक मानकर अज्ञात संख्याएं आदि जानी जाती हैं “
देवच्छंद A special place (Garbhgrah) in natural (eternal) temples. अकृत्रिम चैत्यालयों के एक विशेष स्थान का नाम (गर्भगृह)। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
एकल विहारी समाचारी One who makes conduct of solitary walking. वह साधु (जिनकल्पी साधु) जो एकल विहार का आचरण करता है।[[श्रेणी:शब्दकोष]]