स्मृत्यंतराधान!
[[श्रेणी:शब्दकोष]] स्मृत्यंतराधान – Smrtyamtaraadhaana. Forgetfulness (an infraction).दिग्व्रत का एक अतिचार। निष्चित की हुई मर्यादा का स्मरण न रखना अथवा उसका भूल जाना
[[श्रेणी:शब्दकोष]] स्मृत्यंतराधान – Smrtyamtaraadhaana. Forgetfulness (an infraction).दिग्व्रत का एक अतिचार। निष्चित की हुई मर्यादा का स्मरण न रखना अथवा उसका भूल जाना
जगत्कीर्ति Name of Acharyas. इस नाम के काष्ठासंघ व नंदिसंघ में आचार्य हुए ।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] सवैडूर्य – Savaidoorya. Another name of sumeru mountain amoung many. सुमेरू पर्वत क अनेक अपरनामों में एक नाम ।
[[श्रेणी:शब्दकोष]] याचना परिशह जय – जैन साधुओ द्वारा क्षुदा तृश्णा से पीडित होने पर भी अपने लिए दीनता पूर्वक नहीं मांगना अर्थात मौनपूर्वक बाधाओ को सहन करना याचना – परिशह जय कहलाता है। Yacana Parisaha Jaya-Victory over affiictions caused due to hungers & thirst etc. by a saint (i.e. to refrain from begging even in…
जघन्य आयु The lowest life period. मनुष्य एवं तिर्यंच में एक उच्छ्वास के १८वें भाग क्षुद्रभव की जघन्य आयु होती है जबकि देव व नारकी में दस-दस हजार वर्ष की जघन्य आयु होती है ।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
तदाकार Copy of the similar form (same appearance). उसी आकार का।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] योजन – क्षेत्र का प्रमाण विषेश। 4 कोस का एक लघु योजन, दो हजार कोस का एका महायोजन होता है। Yojana-A large measurement unit of area
[[श्रेणी : शब्दकोष]] प्रकृति स्वोदय – Prakrti Svodaya. Karmic natures which bind in ther own period of fruition. २७ कर्म प्रक्रतियां स्वोदय बंधी है अर्थात् इनका बंध अपने उदय के समय में ही होता है “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] सविश्वरूपत्व – Savishvaroopatva. Universally vast from, A name of Lord Rishavhdev called by Saudharma Indra. वस्तु में कुछ विरोधी धर्मो में एक धर्म जैसे सविष्वरूप-एकरूप इत्यादि । सौधर्मेन्द्र द्वारा स्तुत वृषभदेव का एक नाम।
[[श्रेणी:शब्दकोष]] युक्तासंख्यात – असंख्यात के तीन भेदो में एक भेद, इसके उत्तम, मध्यम जघन्य तीन भेद है। Yuktasamkhyata-A unit of uncountable numbers